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2500 करोड़ के 'म्याऊं-म्याऊं' ड्रग्स बरामद, दिल्ली और पुणे में पुलिस की बड़ी छापेमारी

मेफेड्रोन की एक और बड़ी खेप पुणे के कुरकुंभ एमआईडीसी क्षेत्र से बरामद की गई। कुल 1100 किलो की जब्ती देश में अब तक बरामद की जाने वाली सबसे बड़ी ड्रग्स की खेप है।

2500 करोड़ के 'म्याऊं-म्याऊं' ड्रग्स बरामद, दिल्ली और पुणे में पुलिस की बड़ी छापेमारी
Madan Tiwariलाइव हिन्दुस्तान,नई दिल्लीWed, 21 Feb 2024 05:27 PM
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दो दिनों तक चले एक बड़े ऑपरेशन में पुलिस ने पुणे और नई दिल्ली में छापे मारकर 1,100 किलोग्राम प्रतिबंधित ड्रग्स मेफेड्रोन (एमडी) जिसे 'म्याऊं म्याऊं' नाम से भी जाना जाता है, उसे बरामद किया है। इतनी बड़ी मात्रा में बरामद किए गए ड्रग्स की कुल कीमत लगभग ढाई हजार करोड़ रुपये आंकी गई है। पुलिस के मुताबिक, ऑपरेशन पुणे में तीन ड्रग तस्करों की गिरफ्तारी के साथ शुरू हुआ, साथ ही 700 किलोग्राम मेफेड्रोन की जब्ती भी हुई। इन व्यक्तियों से बाद में की गई पूछताछ के बाद दिल्ली के हौज खास इलाके में गोदाम से अतिरिक्त 400 किलोग्राम सिंथेटिक ड्रग्स जब्त किया गया।

मेफेड्रोन की एक और बड़ी खेप पुणे के कुरकुंभ एमआईडीसी क्षेत्र से बरामद की गई। कुल 1100 किलो की जब्ती देश में अब तक बरामद की जाने वाली सबसे बड़ी ड्रग्स की खेप है। एनडीटीवी के अनुसार, प्रारंभिक जांच से संकेत मिलता है कि प्रतिबंधित ड्रग्स को कुरकुंभ एमआईडीसी स्थित यूनिट से नई दिल्ली में भंडारण करने के लिए ले जाया जा रहा था। पुलिस ने ऑपरेशन के सिलसिले में पांच लोगों को पकड़ा है, जिनमें तीन कूरियर और दो अन्य शामिल हैं, जिनसे फिलहाल पूछताछ चल रही है।

पुलिस आयुक्त कुमार ने कहा, ''रविवार को तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया। जांच के दौरान हमें दो गादामों का पता चला जहां और 55 किलोग्राम एमडी मिला। कुमार ने कहा, ''तीनों से पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर कुरकुंभ एमआईडीसी क्षेत्र में एक अन्य अभियान चलाया गया और वहां एक यूनिट से बड़ी मात्रा में ड्रग्स बरामद किया गया।'' वहीं, आईपीएस (भारतीय पुलिस सेवा) अधिकारी कुमार ने कहा, '' जांच युद्धस्तर चल रही है और जुड़ी कड़ियों को खंगाला जा रहा है तथा हमारी टीम अन्य एजेंसियों के साथ मिलकर काम कर रही है।'' गिरफ्तार आरोपियों की पृष्ठभूमि के बारे में पूछे जाने पर कुमार ने कहा कि वे मुख्य रूप से 'कूरियर ब्वाय' के रूप में काम कर रहे थे और उनके खिलाफ कुछ मामले दर्ज हैं। 

पुलिस आयुक्त ने यह कहते हुए इस बारे में अधिक जानकारी देने से इनकार कर दिया कि जांच अभी प्रारंभिक चरण में है। जब उनसे पूछा गया कि क्या मादक पदार्थ तस्कर ललित पाटिल का किसी भी रूप में इस जब्ती से कोई संबंध है तो उन्होंने कहा कि फिलहाल ऐसा कुछ सामने नहीं आया है। पिछले साल पाटिल का नाम तस्करों के सरगना के तौर पर सामने आया था। पुलिस ने मुंबई में दो महीने के अभियान के बाद 300 करोड़ रुपये का मेफेड्रोन जब्त किया था। पाटिल पुणे में एक सरकारी अस्पताल से भाग गया था लेकिन उसे बाद में गिरफ्तार कर लिया गया था। 

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