सात सूत्रीय मांगों को लेकर मेधा पार्टी का धरना-प्रदर्शन जारी
बस्ती में मेधा पार्टी ने यूजीसी के नए कानून की वापसी और अन्य मांगों के लिए धरना प्रदर्शन जारी रखा है। केन्द्रीय प्रवक्ता दीन दयाल त्रिपाठी ने कहा कि पार्टी गरीबों को मुफ्त शिक्षा का अधिकार दिलाने के लिए संघर्षरत है। उनकी प्रमुख मांगों में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में आरक्षण व्यवस्था का समाप्ति और छात्रवृत्ति की सुविधा शामिल है।

बस्ती, निज संवाददाता। जिले में मेधा पार्टी ने यूजीसी के नये कानून की वापसी सहित सात सूत्रीय मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन जारी है। यह धरना प्रदर्शन गांधीकला भवन परिसर में बापू प्रतिमा के निकट चल रहे 9वें दिन भी जारी रहा। मेधा पार्टी के केन्द्रीय प्रवक्ता दीन दयाल त्रिपाठी ने कहा कि पार्टी गरीबों को मुफ्त शिक्षा का अधिकार दिलाने के अभियान को आगे बढ़ा रही है। मेधा पार्टी की प्रमुख मांगों में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में एकल पदों पर आरक्षण व्यवस्था समाप्त, यूजीसी रेग्यूलेशन 2026 को वापस, दशमोत्तर कक्षाओं में सभी जातियों के विद्यार्थियों को आर्थिक आधार पर शुल्क प्रतिपूर्ति एवं छात्रवृत्ति की सुविधा, प्रशिक्षण संस्थानों में निःशुल्क प्रवेश दिये जाने के साथ अन्य मांग शामिल है।
उन्होंने कहा कि शिक्षा में समानता और सामाजिक न्याय के लक्ष्य को हासिल करने के लिए पार्टी लगातार संघर्ष करती रहेगी। गरीब बच्चों को बेहतर शिक्षा और उनके अधिकार दिलाने के लिये संघर्ष जारी रहेगा। इस दौरान उमेश पाण्डेय, पं. सुनील भट्ट, सन्तोष शुक्ल, विशाल सिंह, दीपक के साथ ही मेधा के अनेक पदाधिकारी व अन्य संगठनों के लोग शामिल रहे।


