कजरी तीज पर सरयू तट पर उमड़ा आस्था का सैलाब, 'हर-हर महादेव' के जयकारे गूंजे
कजरी तीज के अवसर पर सरयू तट पर 15 लाख कांवड़ियों और श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी है। श्रद्धालुओं ने पवित्र जल भरने का कार्य शुरू कर दिया है। सुरक्षा व्यवस्था के तहत जिला प्रशासन ने चाक-चौबंद इंतज़ाम किए हैं। अधिकारियों ने मेले का स्थलीय निरीक्षण किया और हिदायतें दीं कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

कजरी तीज पर सरयू तट पर उमड़ा आस्था का सैलाब, 'हर-हर महादेव' के जयकारे गूंजे करनैलगंज (गोंडा)। कजरी तीज के पावन अवसर पर पवित्र सरयू तट पर आस्था, उत्साह और भक्ति का विराट संगम देखने को मिल रहा है। इस वर्ष करीब 15 लाख कांवड़ियों और श्रद्धालुओं के आगमन का अनुमान है। शनिवार से ही सरयू नदी से पवित्र जल भरने का सिलसिला शुरू हो चुका है, जिसके चलते पूरा मेला क्षेत्र केसरिया रंग में रंग गया है। कांवड़ियों के विशाल हुजूम और सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए जिला व पुलिस प्रशासन ने जमीन से लेकर जल तक सुरक्षा का अभेद्य घेरा तैयार किया है。
श्रद्धालुओं की भीड़
शनिवार सुबह से ही विभिन्न जनपदों से शिवभक्तों के जत्थे कटरा घाट पहुंचने लगे। 'बोल बम' और 'हर-हर महादेव' के गगनभेदी जयकारों के साथ कांवड़ियों ने सरयू में आस्था की डुबकी लगाकर पात्रों में जल भरा और अपने गंतव्य शिवालयों की ओर प्रस्थान करना शुरू किया। रविवार शाम को इस भीड़ के चरम पर पहुंचने की संभावना है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए घाटों पर बालू की बोरियों से अस्थायी सीढ़ियां और सुरक्षित रैंप बनाए गए हैं। रात के समय रोशनी की मुकम्मल व्यवस्था और निरंतर साफ-सफाई के लिए विशेष टीमें तैनात की गई हैं।
अधिकारियों का निरीक्षण
मेले की व्यापकता को देखते हुए शनिवार को मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल, डीआईजी अशोक कुमार शुक्ला, जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन और पुलिस अधीक्षक अभिषेक झा ने सरयू घाट का स्थलीय निरीक्षण किया। अधिकारियों ने बैरिकेडिंग, भीड़ नियंत्रण, पेयजल और स्वास्थ्य शिविरों की व्यवस्था को बारीकी से परखा। अधिकारियों ने स्पष्ट निर्देश दिए कि इतने बड़े धार्मिक आयोजन में किसी भी स्तर पर जरा सी भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


