करोड़ों की साइबर ठगी, फिरोजाबाद से जुड़े तार, 10 गिरफ्तार
फिरोजाबाद से साइबर ठगी के मामले में 10 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों ने डिजिटल अरेस्ट, इन्वेस्टमेंट फ्रॉड और पेपर ट्रेडिंग के जरिए 8 करोड़ रुपये की ठगी की थी। पुलिस ने आरोपियों के खातों में से लाखों रुपये फ्रीज कर दिए हैं। कई आरोपी फरार हैं और उनकी तलाश चल रही है।

विभिन्न राज्यों से होने वाली करोड़ों रुपये की साइबर ठगी के तार फिरोजाबाद से भी जुड़ रहे हैं। डिजिटल अरेस्ट, इन्वेस्टमेंट फ्रॉड एवं पेपर ट्रेडिंग के नाम पर ठगी का यह खेल खेला गया है। साइबर क्राइम के इस मामले में फिरोजाबाद पुलिस ने जांच के बाद में 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के खातों में लाखों रुपये की धनराशि आई थी, जिसमें से कुछ धनराशि को आरोपियों के खातों में भी फ्रीज कराया गया है। वहीं बड़ी धनराशि आरोपियों द्वारा पहले ही निकाली जा चुकी है। पुलिस द्वारा आरोपियों के पास से कई बैंक पासबुक, चैकबुक के साथ एटीएम कार्ड भी बरामद किए हैं। वहीं कई आरोपी फरार बताए जा रहे हैं, जिनकी पुलिस तलाश कर रही है। वहीं साइबर फ्रॉड से कई अन्य लोगों के लिंक जुड़ने की भी आशंका है।
साइबर ठगी की जांच
थाना रसूलपुर पुलिस ने साइबर ठगी के मामले में पड़ताल करते हुए अंतर्राज्यीय गिरोह के तीन शातिरों को गिरफ्तार किया है। इनके खिलाफ विभिन्न राज्यों में दर्ज साइबर फ्रॉड की 12 शिकायतों में कुल आठ करोड़ रुपये की धनराशि का फ्रॉड हुआ था। आरोपियों द्वारा खाते में आई धनराशि में से 60 लाख रुपये निकाल लिए तथा खातों में जमा 11 लाख रुपये को पुलिस ने होल्ड करा दिया है।
पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई
साइबर व्रज अभइयान के तहत पुलिस अधीक्षक आदित्य लांग्हे एवं अपर पुलिस अधीक्षक नोडल अधिकारी साइबर क्राइम राजेश गुनावत के निर्देशन में थाना पुलिस ने जांच के दौरान आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस टीम काफी वक्त से आरोपियों की तलाश में जुटी थी। प्रभारी निरीक्षक प्रदीप कुमार के निर्देशन में उपनिरीक्षक मधुबाला को हमराहों के साथ गश्त कर रही थी। इस दौरान आरोपियों के वकीलपुरा फल मंडी के निकट होने की जानकारी मिली। टीम ने यहां पर दबिश देकर आरोपी साजिद पुत्र मौ0 साबिर निवासी आगाशाह रोड़ हाजीपुरा थाना रसूलपुर जनपद फिरोजाबाद, सोहेल पुत्र मौ0 शब्बीर निवासी मकान नंबर 111, गली नम्बर 8 मौहम्मदगंज थाना दक्षिण एवं अल्तमश पुत्र मुगीश निवासी 173/17 कटरा सिद्दकी सदर बाजार को पकड़ा। इनके पास से तीन मोबाइल फोन, दस बैंक पासबुक, पांच चैकबुक, आठ एटीएम, एक आधार कार्ड एवं दो सिम मिली। डिजिटल अरैस्ट, इन्वैस्टमेंट फ्रॉड, पेपर ट्रेडिंग आदि के माध्यम से किए गए फ्रॉड संबंधी 12 शिकायतें आरोपियों के खातों से जुड़ी थी। आठ करोड़ की इन शिकायतों में से 70 लाख रुपये इनके खाते में आए। सोहेल के खाते में 35 लाख, साजिद के खाते में 25 लाख एवं अल्तमश के खाते में दस लाख रुपये आए। आरोपियों द्वारा बैंक से 60 लाख रुपये की धनराशि को चैक से निकाल लिया गया तथा पुलिस ने 11 लाख रुपये की धनराशि को खातों में फ्रीज करा दिया है। पुलिस पूछताछ में आ्रोपियों ने बताया कि साइबर फ्रॉड के तहत उन्होंने धनराशि को अपने खाते में लिया था। पुलिस ने आरोपियों को जेल भेज दिया है।
फरार आरोपी और पहचान
इनसेट----
तीन वांछित आए प्रकाश में, पुलिस कर रही तलाश
साइबर फ्रॉड से जुड़े आरोपियों से पूछताछ में पुलिस को इनके तीन साथियों के नाम भी पता चले हैं। पूछताछ में सामने आए हसन निवासी हाजीपुरा, रमीज निवासी मोहल्ला शीशग्रान एवं राशिद की पुलिस ने तलाश शुरू कर दी है।
फोटो परिचय--03-- थाना रसूलपुर पुलिस द्वारा साइबर ठगी के मामले में गिरफ्तार आरोपी पुलिस हिरासत में।


