हिंदी भाषी चालकों के पक्ष में बगोदर विधायक की पहल रंग लाई
बगोदर विधायक नागेन्द्र महतो ने महाराष्ट्र में हिंदी भाषी चालकों के साथ भेदभाव के खिलाफ आवाज उठाई। उन्होंने मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री को पत्र लिखकर उनकी समस्याओं का समाधान करने की मांग की। महासचिवालय ने राष्ट्रीयता और भाषा के आधार पर रोजगार से वंचित करने के खिलाफ उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया।
बगोदर, प्रतिनिधि। महाराष्ट्र में झारखंड, बिहार, उत्तर प्रदेश सहित हिंदी भाषी राज्यों के वाहन चालकों को मराठी भाषा का ज्ञान नहीं होने के कारण आजीविका से वंचित किए जाने और भाषा विवाद के मामले में बगोदर विधायक सह सचेतक नागेन्द्र महतो की पहल रंग लाई है। विधायक ने 26 अगस्त को ई-मेल के माध्यम से महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस एवं केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को पत्र भेजकर हिंदी भाषी चालकों की समस्याओं के समाधान की मांग की थी। पत्र पर संज्ञान लेते हुए 27 अगस्त को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री कार्यालय ने विधायक के ई-मेल को परिवहन एवं बंदरगाह विभाग तथा गृह विभाग को आवश्यक कार्रवाई के लिए भेज दिया है।
मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से विमान चालक (22025009, 22024243) के माध्यम से संबंधित विभागों को मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है।ई-मेल में मुख्यमंत्री सचिवालय, मंत्रालय से आए जवाब में लिखा है कि आपका ई-मेल कार्यालय को प्राप्त हुआ है और इसे उचित कार्रवाई के लिए संबंधित विभागों को भेजा गया है, आगे की पूछताछ उक्त विभागों में की जाए। विधायक नागेन्द्र महतो ने कहा कि अलग-अलग राज्यों से रोजगार के लिए महाराष्ट्र आनेवाले वाहन चालकों को केवल भाषा के आधार पर आजीविका से वंचित नहीं किया जाना चाहिए। संविधान सभी को कहीं भी रोजगार करने का अधिकार देता है।


