आपदा पीड़ितों के लिए प्रतिकर का प्रविधान : डालसा
गोड्डा, झारखंड विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा आयोजित कार्यक्रम में ग्रामीणों को कानूनी सेवाओं की जानकारी दी गई। न्याय सबके लिए प्राधिकरण की सिद्धांत पर विपत्ति पीड़ितों की सहायता की जाएगी। राहत, कानूनी विवाद सुलझाने और आधार, राशन कार्ड आदि बहाल करने में मदद प्रदान की जाएगी।

गोड्डा, एक प्रतिनिधि। झारखंड विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से आयोजित 90 दिवसीय इंटेनशिव कार्यक्रम के तहत डालसा के अध्यक्ष सह पीडीजे रमेश कुमार एवं सचिव दीपक कुमार के निर्देश पर जिले के पोड़ैयाहाट, बसंतराय, महागामा एवं पथरगामा प्रखंड क्षेत्र में विधिक जागरुकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान ग्रामीणों को कानूनी सेवा प्राधिकरणों के माध्यम से आपदा पीड़ितों के लिए कानूनी सेवाएं से संबंधित जानकारी दी गई।
कार्यक्रम का विवरण
इसी कड़ी में पोड़ैयाहाट के मानिकपुर गांव में आयोजित शिविर में डालसा टीम में शामिल मो. हसीब व शंकर चंद्र सेन ने कहा कि प्राधिकरण 'न्याय सबके लिए' के सिद्धांत पर काम करती है। नालसा ने "आपदा पीड़ितों के लिए विधिक सेवा योजना, 2010" तैयार की है। इसके तहत कोई प्राकृतिक आपदा (बाढ़, भूकंप) या मानव निर्मित आपदा आती है, तो प्राधिकरण की ओर से तत्काल राहत और सहायता की जाती है।
आपदा के दौरान सहायता
आपदा में अक्सर लोगों के आधार कार्ड, राशन कार्ड, बैंक पासबुक या संपत्ति के कागज खो जाते हैं। डालसा इन दस्तावेजों को दोबारा बनवाने में मदद करता है। सरकार द्वारा घोषित अनुग्रह राशि और मुआवजे को प्राप्त करने के लिए आवेदन भरने और प्रक्रिया को पूरा करने में सहायता करती है। यदि किसी आपदा पीड़ित का कोई मामला कोर्ट में है या आपदा के कारण कोई कानूनी विवाद उत्पन्न होता है (जैसे बीमा क्लेम, संपत्ति विवाद), तो उन्हें मुफ्त वकील प्रदान किया जाता है।
विशेष उपाय एवं सहायता
बीमा कंपनियों, बैंकों या सरकारी विभागों के साथ होने वाले विवादों को कोर्ट के बाहर 'लोक अदालत' या 'मध्यस्थता' के माध्यम से जल्दी सुलझाने का प्रयास किया जाता है। आपदा की स्थिति में प्राधिकरण विशेष रूप से महिलाएं और बच्चे को आपदा के दौरान तस्करी या शोषण से बचाती है। अनाथ बच्चे की पहचान करती है। जिन्होंने माता-पिता खो दिए हैं और उनका संरक्षण सुनिश्चित करने, बुजुर्ग और दिव्यांग को राहत शिविरों में प्राथमिकता दिलाती है। इसके अलावा हेल्पलाइन , आनलाइन पोर्टल व अधिकार मित्रों के माध्यम से सहायता प्रदान करती है।
शिविर में भागीदारी
इसके अलावा जयकृष्ण यादव, स्टेनशिला हेम्ब्रम, जायसवाल मांझी, जोबाती मुर्मू, शंकर चंद्र सेन, मो. हसीब, बासुदेव मणी नंदन कुमार, रामविलास महतो आदि ने भी संबंधित लीगल एड क्लिनिक के क्षेत्र में शिविर आयोजित कर जानकारी दी।


