तीन लाख 98 हजार 661 लीटर देसी व विदेशी शराब की गई जब्त
खगड़िया में शराबबंदी कानून के तहत पिछले चार साल में 12 हजार से अधिक शराबी पकड़े गए हैं। जिला पुलिस और उत्पाद पुलिस ने 398661 लीटर शराब बरामद की है, जिसमें विदेशी शराब का हिस्सा अधिक है। शराब का अवैध कारोबार भी जारी है, बावजूद इसके कड़े कानून का पालन किया जा रहा है।

खगड़िया। राजीव कुमार जिले में शराबबंदी कानून में पिछले चार साल में ही 12 हजार से अधिक शराबी नशे की हालत में पकड़े गए। शराबबंदी के इस दस साल में अब तक जिला पुलिस व उत्पाद पुलिस ने तीन लाख 98 हजार 661 लीटर देसी व विदेशी शराब से लेकर बीयर बरामद किया है। जिसमें दो लाख 97 हजार से अधिक विदेशी शराब बरामद हुई है। जबकि एक लाख 88 हजार 925 लीटर विदेशी शराब जब्त की गई है। इसमें रेल पुलिस व आरपीएफ के आंकड़े जुड़ेंगे तो यह और बढ़ेंगे। अगर इतने लाखों लीटर शराब बरामद हुए हैं, तो इसके कितने गुणे शराब लोगों ने गटक लिये होंगे? यह सवाल शराबबंदी के बीच शराब तस्करी व लोगों तक शराब की पहंुच होने की साफ तस्कीद करती है। बता दें कि पांच अप्रैल 2016 से सूबे में पूर्ण शराबबंदी कानून लागू हैं। शराब के अवैध कारोबार करने व पीने पर पूरी तरह से पाबंदी लगी है। पर, शराब का अवैध करोबार कर तस्कर होम डिलेवरी कर लोगों तक शराब की पहंुच करा रहे हैं। जिसमें पुलिस शराब कारोबारियों व शराबियों को पकड़ भी रही है。
उत्पाद पुलिस अकेले एक लाख 97 हजार लीटर बरामद की शराब
जिले की उत्पाद पुलिस अकेले बिते दस सालों में एक लाख 97 हजार से लीटर से अधिक देसी, विदेशी व बीयर बरामद की है। गत अप्रैल 2016 से लेकर 19 अगस्त 2026 तक में उत्पाद पुलिस ने यह शराब की बरामदगी की है। जिसमें सबसे अधिक एक लाख 57 हजार 477 लीटर देसी शराब जब्त की गई है। वहीं 39 हजार 655 लीटर के करीब विदेशी शराब बरामद हुई है। इन पिछले 10 सालों में सबसे अधिक वर्ष 2025 में 56 हजार 590 लीटर देसी व विदेशी शराब जब्त की गई है। यानि शराबबंदी के 10वें साल में सबसे अधिक शराब पकड़ायी है।
उत्पाद पुलिस व जिला पुलिस ने 10 सालों में शराब मामले में 12 हजार 160 मामले किए दर्ज
जिले में पिछले चार साल में ही 12 हजार पांच सौ से अधिक शराबी को नशे की हालत में पकड़ा गया है। जिससे फाइन के रूप में दो करोड़ 99 हजार के करीब राशि कोर्ट में जमा कराई गई। यहां तक कि कई शराबी दोबारा पीने में भी पुलिस के हत्थे चढ़े हैं। यह आंकड़े महज गत साल अप्रैल तक ही बताया जा रहा है। जाहिर है कि अप्रैल 2022 से शराब पीने में पकड़े जाने वालों से फाइन वसूली की जा रही है। इससे पहले सीधे जेल ही भेजा जाता था। यानि इन 10 वर्षों में और कितने शराबी पकड़े गए होंगे यह संख्या इससे और अधिक है। उत्पाद पुलिस व जिला पुलिस ने 10 सालों में शराब मामले में 12 हजार 160 मामले दर्ज किए हैं। जिसमें 25 हजार 555 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
शराबबंदी कानून को सख्ती से लागू कराया जा रहा है
शराबबंदी कानून को सख्ती से लागू कराया जा रहा है। पुलिस टीम बनाकर छापेमारी कर रही है। सूचना पर तत्काल कार्रवाई की जा रही है। छापेमारी में कारोबारी व शराबी पकड़े जा रहे हैं। शराब बरामद जब्त की जा रही है।
मो. सत्तार अंसारी, उत्पाद अधीक्षक, खगड़िया।


