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29 जनवरी, 2020|10:45|IST

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जेएनयू में जंग: पुलिस ने हिंसा में शामिल 55 लोगों को पहचाना, नहीं मिल सका CCTV फुटेज

crime branch team in jnu campus

जेएनयू हिंसा की जांच कर रहे दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने सात और लोगों की पहचान की है। इन नए लोगों के साथ ही पुलिस अबतक 55 लोगों की पहचान कर चुकी है, जो जांच की जद मे हैं। इन्हें जांच में शामिल होने के लिए नोटिस जारी किया गया है। जांच में जुटी टीम इससे पहले पक्ष रखने के लिए जेएनयू अध्यक्ष को बुला चुकी है, जिन्होंने पुलिस के सामने अपनी बात और शिकायत रखी थी।

वहीं, एक निजी चैनल के स्टिंग ऑपरेशन में शामिल छात्र सहित दो अन्य को भी पुलिस ने जांच के लिए बुलाया है। पुलिस का कहना है कि जो तथ्य हमारे सामने आएंगे, उसे जांच में शामिल किया जाएगा। हालांकि, एसआईटी के वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि अभी जांच प्रारंभिक स्तर पर है, लिहाजा पूछताछ के दायरे में अभी और कई लोग आ सकते हैं।

ग्रुप के 44 लोग पहचाने : जांच में जुटी एसआईटी ने कथित रूप से हिंसा की साजिश के लिए बनाए गए व्हाट्सएप ग्रुप यूनिटी अगेंस्ट लेफ्ट के 60 में से 44 लोगों की पहचान कर ली है। क्राइम ब्रांच ने इन सभी को नोटिस भेजकर जांच के लिए बुलाया है। स्टिंग में दिखाई देने वाले जेएनयू के छात्र अक्षत अवस्थी के अलावा छात्र रोहित शाह को भी जांच में शामिल होने के लिए कहा गया है। अक्षत अवस्थी के हमले का हिस्सा होने की बात का खुलासा हुआ था।

23 सदस्यों ने मोबाइल बंद किए : पुलिस के अनुसार, शुरुआती नोकझोक के बाद हिंसा के लिए बनाए गए ‘यूनिटी अगेंस्ट लेफ्ट’ व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़े 23 लोगों ने अपने मोबाइल फोन बंद कर लिए हैं। वहीं, कुछ घटना के बाद ही ग्रुप छोड़ चुके हैं।

सर्वर तोड़े जाने के कारण नहीं मिली फुटेज
पुलिस ने सर्वर रूप में तोड़फोड़ किए जाने के कारण वहां लगे सीसीटीवी काम नहीं करने की बात कही है। इस कारण पुलिस को मौके से घटना से जुड़ा कोई भी फुटेज हासिल नहीं हो सका है। वहीं, मुख्य द्वार को छोड़ परिसर में कोई कैमरा नहीं है, इस कारण अन्य जगहों की फुटेज भी उपलब्ध नहीं है। ऐसे में वायरल तस्वीर व वीडियो के माध्यम से अन्य आरोपियों की पहचान और तलाश जारी है। वहीं, सर्वर रूम में तोड़फोड़ किए जाने के आरोपों को जेएनयू छात्रसंघ ने खारिज किया है। जेएनयू छात्र संघ की अध्यक्ष आइशी घोष ने कहा है कि 4 और 5 जनवरी को उसी सर्वर से कई ई-मेल भेजे गए हैं।

महिला अधिकारी छात्राओं से पूछताछ करेंगी
जेएनयू हिंसा की जांच टीम में कई महिला अधिकारियों को शामिल किया गया है। दरअसल, छात्राओं से महिला पुलिस अधिकारी ही पूछताछ करेंगी। वहीं, पुलिस करीब डेढ़ दर्जन अन्य लोगों से पूछताछ कर चुकी है जिसमें वार्डन, 13 सुरक्षा गार्ड और पांच छात्र शामिल हैं। 

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  • Web Title:JNU Violence Delhi Police Identify 22 People Involved in JNU Student War