पुलिस को बल प्रयोग से बचना था : प्रदीप
झारखंड में कांग्रेस विधायक प्रदीप यादव ने छात्रों के शांतिपूर्ण मार्च का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि छात्रों का कानून के दायरे में रहकर अपनी मांग उठाना उनका अधिकार है। हालांकि पुलिस को बल प्रयोग के लिए मजबूर होना पड़ा क्योंकि कुछ उपद्रवी तत्वों ने इसे भड़काने का प्रयास किया। सरकार को छात्रों के साथ बातचीत करनी चाहिए।

रांची। कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने सत्र के बाद कहा कि झारखंड में अपनी मांगों को लेकर आंदोलनरत छात्रों ने विधानसभा घेराव के लिए शांतिपूर्ण मार्च निकाला। लोकतंत्र के दायरे में रहकर अपनी जायज मांगों के लिए आवाज उठाना छात्रों का अधिकार है। हालांकि, झारखंड पुलिस ने अंतिम समय तक स्थिति को संभालने का हर संभव प्रयास किया, लेकिन उपद्रवियों के रवैये के कारण बल प्रयोग पुलिस की मजबूरी थी, हालांकि पुलिस को बल प्रयोग से बचना चाहिए था। यदि उपद्रवी, छात्रों के भेष में घुसकर कानून को अपने हाथ में लेने का प्रयास न करते तो यह घटना नहीं घटती, यह बात छात्र संगठनों ने भी मानी है।
उन्होंने कहा कि इस शांतिपूर्ण आंदोलन को कुछ असामाजिक व उपद्रवी तत्वों विशेष रूप से भाजपा से जुड़े कुछ लोगों द्वारा भड़काने और इसे उपद्रव में बदलने का कुत्सित प्रयास भी किया गया, जो कि बेहद चिंताजनक है। छात्रों के निष्पक्ष आंदोलन को अपने राजनीतिक स्वार्थ के लिए इस्तेमाल करना पूरी तरह गलत है। अब सरकार को चाहिए कि वह बिना किसी विलंब के छात्रों के प्रतिनिधियों के साथ मेज पर बैठकर सीधी और सकारात्मक बातचीत करे। छात्रों की जायज मांगों पर संवेदनशीलता से विचार करते हुए जल्द से जल्द एक ठोस और बेहतर समाधान निकाला जाना चाहिए, ताकि राज्य के युवाओं का समय और ऊर्जा सड़कों पर नष्ट न हो।


