झारखंड के नर्सिंग व मेडिकल छात्रों के लिए खुलेंगे अमेरिका के द्वार
जॉर्जिया स्टेट यूनिवर्सिटी के साथ जल्द होगा ऐतिहासिक एमओयू, निदेशक चार्ल्स आर. हैंक्ला और उनके प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई बैठक

रांची, हिन्दुस्तान ब्यूरो। झारखंड के स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक पहल करते हुए अमेरिका की प्रतिष्ठित जॉर्जिया स्टेट यूनिवर्सिटी के साथ झारखंड सरकार के स्टेट नर्सिंग कॉलेजों और मेडिकल संस्थानों के लिए शैक्षणिक व प्रशिक्षण सहयोग में एमओयू की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। इस समझौते के बाद झारखंड के आदिवासी, मूलवासी और अन्य मेधावी छात्र-छात्राओं को अमेरिका में विश्वस्तरीय प्रशिक्षण, रिसर्च व स्किल डेवलपमेंट का अवसर मिलेगा। इसी क्रम में मंगलवार को जॉर्जिया स्टेट यूनिवर्सिटी के इंटरनेशनल सेंटर फॉर पब्लिक पॉलिसी के निदेशक चार्ल्स आर. हैंक्ला और उनके प्रतिनिधिमंडल के साथ स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी की विस्तृत बैठक हुई। बैठक में मेडिकल शिक्षा, नर्सिंग, पैरामेडिकल, रिसर्च, आधुनिक स्वास्थ्य तकनीक व अंतरराष्ट्रीय सहयोग पर विस्तार से चर्चा हुई。
बैठक का सारांश
बैठक के दौरान चार्ल्स आर. हैंक्ला ने कहा कि पिछले एक वर्ष के दौरान उनकी टीम ने झारखंड की स्वास्थ्य व्यवस्था का अध्ययन किया है। आज झारखंड की स्वास्थ्य सेवाओं की चर्चा अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर हो रही है। उन्होंने कहा कि रिम्स-2 जैसी महत्वाकांक्षी परियोजना को एशियन डेवलपमेंट बैंक का सहयोग मिलना राज्य के लिए बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जॉर्जिया स्टेट यूनिवर्सिटी झारखंड के छात्रों को विश्वस्तरीय प्रशिक्षण, रिसर्च और अकादमिक सहयोग उपलब्ध कराएगी। उन्होंने यह भी कहा कि झारखंड में स्वास्थ्य क्षेत्र की अपार संभावनाएं हैं और यह भविष्य में देश का प्रमुख हेल्थ हब बन सकता है। आधुनिक तकनीक, मेडिकल इंफ्रास्ट्रक्चर और दूरदर्शी नेतृत्व के कारण झारखंड तेज़ी से आगे बढ़ रहा है।
झारखंड को अग्रणी राज्य बनाने की दिशा में हो रहा कार्य
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि जॉर्जिया स्टेट यूनिवर्सिटी जैसे विश्वस्तरीय संस्थान का झारखंड के साथ जुड़ना पूरे राज्य के लिए गर्व की बात है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झारखंड को स्वास्थ्य, शिक्षा, आईटी और कौशल विकास के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है। हाल ही में आयोजित इन्वेस्टर्स मीट के सकारात्मक परिणाम अब सामने आने लगे हैं। डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि राज्य सरकार की स्कॉलरशिप योजना के माध्यम से झारखंड के मेधावी नर्सिंग और मेडिकल छात्रों को अमेरिका भेजने का प्रयास किया जाएगा, जहां वे एक वर्ष तक आधुनिक चिकित्सा तकनीक, एडवांस नर्सिंग, रिसर्च व स्किल डेवलपमेंट का प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे। प्रशिक्षण पूरा कर ये छात्र वापस झारखंड लौटेंगे और राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
राज्य को स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर व हाईटेक बनाएं
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि पिछले दो दशकों में नर्सिंग व मेडिकल छात्रों के भविष्य को लेकर गंभीर पहल नहीं हुई, लेकिन अब महागठबंधन सरकार युवाओं के लिए वैश्विक अवसरों के द्वार खोल रही है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि यह केवल एक एमओयू नहीं, बल्कि झारखंड के युवाओं के भविष्य, रोजगार, आधुनिक चिकित्सा शिक्षा और वैश्विक पहचान की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। इससे झारखंड के छात्र विश्वस्तरीय प्रशिक्षण प्राप्त कर राज्य को स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में नई पहचान दिलाएंगे। डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि हमारा सपना है कि झारखंड के आदिवासी, मूलवासी और गरीब परिवारों के बच्चे भी विश्व की सर्वश्रेष्ठ यूनिवर्सिटियों में पढ़ें, सीखें और अपने राज्य को स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर व हाईटेक बनाएं। यही नए झारखंड की दिशा और हमारी सरकार की प्रतिबद्धता है।


