अंतरराष्ट्रीय खेल स्टेडियम का रास्ता साफ, 123 एकड़ जमीन मिली
पलवल के बहरोला में अंतरराष्ट्रीय खेल स्टेडियम के निर्माण के लिए 123 एकड़ जमीन दी गई है। निर्माण की जिम्मेदारी एचएसआरडीसी को सौंपी गई है। मुख्यमंत्री ने इस परियोजना की घोषणा जून 2025 में की थी। स्टेडियम में 35 से 50 हजार दर्शकों के बैठने की क्षमता होगी। स्थानीय ग्रामीणों के लिए भी रोजगार के अवसर मिलने की उम्मीद है।

पलवल, अजित कुमार। पलवल के बहरोला में अंतरराष्ट्रीय खेल स्टेडियम का सपना साकार होने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। ग्राम पंचायत ने 123 एकड़ जमीन 33 साल की लीज पर खेल विभाग को दी है। अब निर्माण प्रक्रिया आगे बढ़ने की उम्मीद है। स्टेडियम के निर्माण की जिम्मेदारी अब हरियाणा स्टेट रोड्स एंड ब्रिजेज डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड (एचएसआरडीसी) को सौंपी गई है। इससे पहले परियोजना का काम लोक निर्माण विभाग के पास था। निर्माण से पहले पूरी जमीन का सर्वे कराया जाएगा। इसके बाद जमीन का नक्शा तैयार होगा और स्टेडियम परिसर में बनने वाली सुविधाओं की योजना तैयार की जाएगी। इन सभी बिंदुओं की विस्तृत जानकारी खेल विभाग को दी जाएगी। इसके बाद प्रस्ताव को उच्चाधिकारियों के पास भेजा जाएगा। स्वीकृति मिलने के बाद निर्माण से जुड़ी प्रक्रिया शुरू होगी। विभागीय स्तर पर इसी साल काम आगे बढ़ाने की तैयारी की जा रही है।
100 एकड़ से बढ़कर 123 एकड़ हुआ क्षेत्र
परियोजना की शुरुआत करीब 100 एकड़ जमीन में अंतरराष्ट्रीय खेल स्टेडियम बनाने की योजना से हुई थी। बाद में इसका दायरा बढ़ाकर लगभग 123 एकड़ कर दिया गया। जमीन उपलब्ध होने के बाद अब परियोजना को आकार देने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। लोक निर्माण विभाग की ओर से परियोजना को लेकर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर शासन को भेजी जा चुकी है। इसमें जमीन की स्थिति, अनुमानित लागत, राजमार्ग से दूरी और आवागमन समेत कई तकनीकी पहलुओं का अध्ययन किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि आगे की प्रक्रिया स्वीकृतियों के आधार पर होगी। इससे परियोजना की योजना को अंतिम रूप देने में मदद मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने जून 2025 में की थी घोषणा
पलवाल में अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल सुविधाएं विकसित करने की घोषणा मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने जून 2025 में की थी। मुख्यमंत्री ने पलवल की अनाज मंडी में आयोजित धन्यवाद रैली में यह घोषणा की थी। खेल राज्यमंत्री गौरव गौतम की मांग पर स्टेडियम बनाने की घोषणा हुई थी। इसके बाद जमीन की तलाश और अन्य प्रक्रियाएं शुरू की गईं। अब पंचायत की ओर से जमीन खेल विभाग को दिए जाने के बाद परियोजना को आगे बढ़ाने का रास्ता साफ हुआ है। लंबे समय से जिले में बड़े खेल स्टेडियम की मांग उठती रही है। इस घोषणा से जिले के खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों को आधुनिक सुविधाएं मिलने की उम्मीद बढ़ी है।
35 से 50 हजार दर्शकों के बैठने की योजना
प्रस्तावित अंतरराष्ट्रीय खेल स्टेडियम में 35 से 50 हजार दर्शकों के बैठने की क्षमता विकसित करने की योजना है। परिसर में अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप अलग-अलग खेलों की सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रस्ताव है। स्टेडियम बनने के बाद पलवल में बड़े राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के मुकाबले आयोजित किए जा सकेंगे। इससे जिले को बड़े खेल आयोजनों के लिए नई पहचान मिलने की उम्मीद है। स्थानीय खिलाड़ियों को अभ्यास और प्रतियोगिताओं के लिए बेहतर माहौल मिलेगा। उन्हें दूसरे शहरों पर निर्भरता भी कम हो सकती है। आधुनिक खेल सुविधाओं के विस्तार से ग्रामीण और शहरी क्षेत्र के खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए बेहतर मंच उपलब्ध होगा।
ग्रामीणों ने रखीं सुविधाएं और रोजगार की मांगें
बहरोला ग्राम पंचायत ने स्टेडियम निर्माण का स्वागत करते हुए ग्रामीणों के हित से जुड़ी मांगें भी रखी हैं। पंचायत चाहती है कि स्टेडियम बनने के बाद गांव के लोगों को प्रमुख मैचों में निःशुल्क प्रवेश की सुविधा मिले। इसके अलावा चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों की भर्ती में स्थानीय ग्रामीणों को प्राथमिकता देने की मांग की गई है। यदि परिसर में कैंटीन शुरू होती है तो उसका ठेका गांव के लोगों को देने का सुझाव भी दिया गया है। पंचायत की ओर से इन मांगों से संबंधित प्रस्ताव खेल विभाग और निर्माण विभाग के माध्यम से शासन को भेजे जा चुके हैं। इससे स्थानीय लोगों को रोजगार और कारोबार के अवसर मिलने की उम्मीद है।
अधिकारी बोले, सर्वे के बाद तैयार होगा पूरा खाका
जिला खेल अधिकारी खुशवंत सिंह ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय खेल स्टेडियम के निर्माण के लिए एचएसआरडीसी को जिम्मेदारी दी गई है। पहले पूरी जमीन का सर्वे कराया जाएगा। इसके बाद उसका नक्शा तैयार करने के साथ स्टेडियम में बनने वाली सुविधाओं और उनके स्थान की विस्तृत योजना तैयार होगी। उन्होंने बताया कि पूरी जानकारी खेल विभाग को सौंपी जाएगी। इसके बाद प्रस्ताव उच्चाधिकारियों के पास भेजा जाएगा। स्वीकृति मिलने के बाद निर्माण कार्य शुरू कराया जाएगा। 123 एकड़ में बनने वाले इस स्टेडियम के साथ मौजूदा जिला स्टेडियम के कायाकल्प की योजना भी पलवल में खेल सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकती है।


