राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस देश का एक प्रतिष्ठित वैज्ञानिक कार्यक्रम
श्रावस्ती में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान में द्वितीय शिक्षक कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस दौरान राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस के माध्यम से विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण और नवाचार की भावना विकसित करने पर जोर दिया गया। कार्यक्रम में चयनित बाल वैज्ञानिक राष्ट्रीय स्तर पर अपने राज्य का प्रतिनिधित्व करेंगे।

श्रावस्ती,संवाददाता। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान श्रावस्ती में द्वितीय शिक्षक कार्यशाला का आयोजन वरिष्ठ प्रवक्ता डायट रमेश चंद्र मौर्य की अध्यक्षता में आयोजित की गई। इस दौरान संतोष कुमार पाण्डेय ने कहा कि राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस देश का एक प्रतिष्ठित वैज्ञानिक कार्यक्रम है जो 10 से 17 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थियों को विज्ञान एवं अनुसंधान से जोड़ने का महत्वपूर्ण मंच प्रदान करता है। इस कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थी वैज्ञानिक पद्धति अपनाते हुए स्थानीय समस्याओं की पहचान करते हैं आंकड़ों का संग्रह एवं विश्लेषण करते हैं तथा नवाचार आधारित समाधान प्रस्तुत करते हैं। ब्लॉक, जिला एवं राज्य स्तर पर चयनित बाल वैज्ञानिक राष्ट्रीय स्तर पर अपने राज्य का प्रतिनिधित्व करते हैं।
इस अवसर पर ओम प्रकाश यादव डायट प्रवक्ता ने राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस-2026 की थीम साइंस एंड इनोवेशन फॉर सस्टेनेबिलिटी की प्रासंगिकता पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि आज की सबसे बड़ी आवश्यकता विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, अनुसंधान क्षमता और नवाचार आधारित सोच विकसित करना है। उन्होंने शिक्षकों से आग्रह किया कि वे विद्यार्थियों को अपने आसपास की समस्याओं की वैज्ञानिक पहचान कर व्यावहारिक समाधान विकसित करने के लिए प्रेरित करें। इस मौके पर तौकीर अहमद, सुषमा शुक्ला सहित अनेक शिक्षक मौजूद रहे।


