सपा को बोलता हुआ मुसलमान बर्दाश्त नहीं: इमरान मसूद
सहारनपुर, वरिष्ठ संवाददाता। उत्तर प्रदेश में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के रिश्तों को

सहारनपुर, वरिष्ठ संवाददाता। उत्तर प्रदेश में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के रिश्तों को लेकर चल रही सियासी अटकलों के बीच कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के बयान ने नई बहस छेड़ दी है। एक मीडिया चैनल को दिए साक्षात्कार में इमरान मसूद ने बिना नाम लिए समाजवादी पार्टी और उसके नेतृत्व पर निशाना साधते हुए कहा कि सपा को बोलता हुआ मुसलमान बर्दाश्त नहीं है। उन्होंने दावा किया कि अब अपनी बात रखने वाला मुसलमान कांग्रेस के साथ खड़ा है और यही बात समाजवादी पार्टी को सबसे ज्यादा खटक रही है。
सातत्य और राजनीतिक पहचान
कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने समाजवादी पार्टी और उसके राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर परोक्ष हमला बोलते हुए कहा कि सपा को बोलता हुआ मुसलमान स्वीकार नहीं है। एक मीडिया चैनल को दिए साक्षात्कार में उन्होंने कहा कि वर्ष 2025 में ही उन्होंने स्पष्ट कर दिया था कि कांग्रेस को अब बैसाखी छोड़कर अपनी राजनीतिक ताकत के दम पर आगे बढ़ना होगा। इमरान मसूद ने आरोप लगाया कि जब मुसलमानों पर कार्रवाई होती है तो समाजवादी पार्टी को कोई फर्क नहीं पड़ता। बिना किसी का नाम लिए उन्होंने कहा कि पिछले 12-13 वर्षों में जिन मुस्लिम नेताओं को सबसे अधिक नुकसान उठाना पड़ा, उनमें अतीक अहमद, मुख्तार अंसारी और आजम खान जैसे नाम शामिल हैं। उन्होंने कहा, पिटने के लिए मुसलमान है, लेकिन जब मुसलमान अपनी आवाज उठाता है तो लोगों को बुरा लगता है। कांग्रेस सांसद ने कहा कि कांग्रेस की अपनी अलग पहचान, विचारधारा और राजनीतिक आधार है। उन्होंने दावा किया कि लोकसभा चुनाव में कांग्रेस के सहयोग के कारण ही समाजवादी पार्टी 37 सीटें जीतने में सफल रही, जबकि वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में सपा 120 सीटों का आंकड़ा भी पार नहीं कर सकी थी। इमरान मसूद के इस बयान को प्रदेश की राजनीति में कांग्रेस की बदली रणनीति और गठबंधन की राजनीति के संदर्भ में भी देखा जा रहा है। उनके बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं और कांग्रेस-सपा संबंधों को लेकर एक बार फिर बहस तेज हो गई है।
राजनीतिक पलटवार
-----
पलटवार:: गठबंधन के दम पर जीते इमरान, दम है तो इस्तीफा देकर चुनाव लड़ें: माविया अली
सपा के पूर्व विधायक माविया अली ने कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि वह मुकदमों के डर से भाजपा की भाषा बोल रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि इमरान भाजपा के संपर्क में हैं और 2024 का चुनाव भी गठबंधन के दम पर जीते हैं। माविया ने चुनौती दी कि यदि भरोसा है तो इस्तीफा देकर अकेले चुनाव लड़कर दिखाएं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सपा को कांग्रेस की जरूरत नहीं है।
सामान्य प्रश्न
लेखक के बारे में
Parnav Aggarwalप्रणव अग्रवाल पिछले करीब 15 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं और वर्तमान में हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) सहारनपुर में जिला प्रभारी के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने पत्रकारिता जीवन में अपराध, उच्च शिक्षा, चिकित्सा और सामाजिक सरोकारों से जुड़े विषयों पर अनेक महत्वपूर्ण और प्रभावशाली खबरें लिखी हैं।
परिचय एवं अनुभव
प्रणव अग्रवाल हिंदी पत्रकारिता के उन सक्रिय पत्रकारों में शामिल हैं जिन्होंने अपने काम के जरिए पाठकों के बीच मजबूत पहचान बनाई है। करीब डेढ़ दशक के अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण एवं एक्सक्लूसिव खबरों पर काम किया। हिन्दुस्तान में कार्य करते हुए उन्होंने अपराध, मेडिकल, उच्च शिक्षा और सामाजिक मुद्दों से जुड़ी अनेक खोजी और विश्लेषणात्मक खबरें प्रकाशित की हैं। समय के साथ बदलते मीडिया परिवेश और पाठकों की रुचि को समझते हुए उन्होंने खबरों की प्रस्तुति में भी नई दृष्टि विकसित की है।
कॅरियर का सफर
प्रणव अग्रवाल ने अपने पत्रकारिता कॅरियर की शुरुआत वर्ष 2011 में अमर उजाला से की जहां उन्होंने प्रिंट पत्रकारिता की बुनियादी समझ विकसित की। इसके बाद वर्ष 2017 में हिन्दुस्तान समाचार पत्र से जुड़े और यहां उन्हें अपराध, उच्च शिक्षा तथा अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) बीट पर काम करने का अवसर मिला। एएमयू बीट की गहन और प्रभावी कवरेज के लिए उन्हें एएमयू द्वारा मीडिया एक्सीलेंस अवार्ड से भी सम्मानित किया जा चुका है। एचटी ग्रुप की ओर से भी कई बार प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जा चुका है।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
प्रणव अग्रवाल ने बीकॉम और एमकॉम की पढ़ाई के साथ-साथ पत्रकारिता में डिप्लोमा किया है। मजबूत शैक्षणिक आधार के कारण उन्हें हिंदी पत्रकारिता में विषयों की गहराई से समझ विकसित करने में मदद मिली। इसी वजह से उन्होंने अपराध, चिकित्सा और उच्च शिक्षा जैसे जटिल विषयों पर भी रिसर्च आधारित और विश्लेषणात्मक खबरें लिखी हैं। उनकी कई एक्सक्लूसिव स्टोरी हिन्दुस्तान के राष्ट्र एवं राज्य स्तर पर विभिन्न संस्करणों में प्रकाशित हुई हैं।
कार्य क्षेत्र एवं दृष्टि
प्रणव अग्रवाल को अपराध, केंद्रीय विश्वविद्यालय, चिकित्सा और उच्च शिक्षा से जुड़े विषयों पर विशेष पकड़ हासिल है। उन्होंने इन क्षेत्रों में कई महत्वपूर्ण एक्सक्लूसिव खबरें प्रकाशित की हैं। उनका उद्देश्य पाठकों तक सटीक, प्रमाणिक और प्रभावी जानकारी पहुंचाना है ताकि पत्रकारिता के प्रति विश्वास और विश्वसनीयता बनी रहे।


