‘एआई और रोबोटिक्स में दक्ष युवा देश को बनाएंगे अग्रणी’
प्रयागराज में भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (ट्रिपलआईटी) झलवा ने AI और रोबोटिक्स पर प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया। निदेशक प्रो. मुकुल शरद सुतावने ने बताया कि युवाओं को इन तकनीकों में दक्ष होना ज़रूरी है। कार्यक्रम में 155 प्रतिभागी शामिल हैं, जिसमें हांगकांग के छात्र भी हैं।
प्रयागराज। भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (ट्रिपलआईटी) झलवा में सोमवार से कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) और रोबोटिक्स पर प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू हुआ। निदेशक प्रो. मुकुल शरद सुतावने ने कहा कि तकनीकी क्रांति के अगले चरण में वही देश अग्रणी होगा जिसके युवा एआई और रोबोटिक्स जैसी उभरती तकनीकों में दक्ष होंगे। आधुनिक रोबोट अब केवल आदेशों का पालन नहीं करते बल्कि सेंसर, डेटा, मशीन लर्निंग और निर्णय क्षमता के आधार पर कार्य कर सकते हैं। कार्यक्रम के अध्यक्ष एवं ईसीई विभाग के सहायक प्रोफेसर डॉ. सूर्य प्रकाश के अनुसार प्रतिभागियों को केवल कक्षा आधारित प्रशिक्षण ही नहीं मिलेगा बल्कि उन्हें वास्तविक परियोजनाओं पर काम करने का अवसर भी दिया जाएगा।
आने वाले दशक में दुनियाभर में सबसे अधिक रोजगार एआई और ऑटोमेशन आधारित क्षेत्रों में सृजित होंगे। डॉ. आशुतोष कुमार सिंह ने कहा कि उद्योग, स्वास्थ्य सेवाएं, कृषि, शिक्षा, आधारभूत संरचना और सार्वजनिक सेवाओं जैसे क्षेत्रों में इन तकनीकों की अपार संभावनाएं हैं। इसमें आईआईआइटी, एनआईटी से 155 प्रतिभागी भाग ले रहे हैं। हांगकांग के कुछ छात्र भी शामिल हैं।


