ट्रेंडिंग न्यूज़

अगला लेख

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

Hindi News देशलौट के सिंधिया टेलिकॉम में आए; ज्योतिरादित्य के काम आएगा मनमोहन के दौर का अनुभव

लौट के सिंधिया टेलिकॉम में आए; ज्योतिरादित्य के काम आएगा मनमोहन के दौर का अनुभव

Jyotiraditya Scindia Full Circle: 53 वर्षीय सिंधिया ने कहा कि PM मोदी के नेतृत्व में क्रांति आई है और उन्होंने प्रधानमंत्री तथा देश की जनता की आकांक्षाओं के अनुरूप सर्वोत्तम कार्य करने का संकल्प लिया

लौट के सिंधिया टेलिकॉम में आए; ज्योतिरादित्य के काम आएगा मनमोहन के दौर का अनुभव
Pramod Kumarलाइव हिन्दुस्तान,नई दिल्लीTue, 11 Jun 2024 03:57 PM
ऐप पर पढ़ें

केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मंगलवार को संचार मंत्रालय का कार्यभार संभाल लिया। पदभार संभालते ही उन्होंने विभागीय अधिकारियों से कहा कि दूरसंचार क्षेत्र और भारतीय डाक विभाग दोनों को आगामी वर्षों में वैश्विक और स्थानीय स्तर पर महत्वपूर्ण भूमिका निभानी है। 53 वर्षीय सिंधिया ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में क्रांति आई है और उन्होंने प्रधानमंत्री तथा देश की जनता की आकांक्षाओं के अनुरूप सर्वोत्तम कार्य करने का संकल्प लिया है। 

सिंधिया ने कार्यभार संभालने के बाद पत्रकारों से कहा, ‘‘यह वास्तव में मेरे लिए सम्मान की बात है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मुझे संचार मंत्रालय की जिम्मेदारी दी है। दूरसंचार प्रभाग के साथ-साथ भारतीय डाक प्रभाग को वैश्विक स्तर के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर भी महत्वपूर्ण भूमिका निभानी है, ताकि देश और दुनिया भर में लाखों लोगों के दिलों में जगह बनाई जा सके।’’ 

बता दें कि सिंधिया ने लगभग डेढ़ दशक पहले संचार राज्य मंत्री के रूप में सेवाएं दी थीं। सिंधिया ने कहा, ‘‘यह मेरे लिए एक तरह से एक चक्र पूरा करने जैसा है। मैंने कई साल पहले 2007, 2008 और 2009 में इस विभाग में कनिष्ठ मंत्री के तौर पर काम किया। इसलिए मेरे लिए यह एक ऐसा विभाग है जिसके साथ मेरा भावनात्मक जुड़ाव रहा है।’’

नए दूरसंचार मंत्री के रूप में सिंधिया के सामने इस महीने के अंत में होने वाली 5जी स्पेक्ट्रम नीलामी को पूरा करने का कार्य है। स्पेक्ट्रम नीलामी के अलावा सिंधिया को उपग्रह ब्रॉडबैंड सेवाओं, उद्योगपति एलन मस्क नीत स्टार्टलिंक के लिए सुरक्षा मंजूरी जैसे मुद्दों को भी प्राथमिकता देनी होगी और नए दूरसंचार अधिनियम के लिए नियम तैयार करने होंगे। सिंधिया को 100 दिवसीय एजेंडा पर काम शुरू करना होगा, जिसमें दूरसंचार क्षेत्र के लिए स्पष्ट प्राथमिकता वाले क्षेत्रों, प्रमुख उपलब्धियों, मार्ग दर्शन और लक्ष्यों की रूपरेखा होगी। 

सिंधिया पहली बार मनमोहन सिंह की अगुवाई वाली संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (UPA)-1 सरकार में मंत्री बने थे। वह तब दूरसंचार, डाक तथा आईटी राज्य मंत्री थे। तब उन्होंने प्रोजेक्ट एरो योजना के साथ डाकघरों के आधुनिकीकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। अब डेढ़ दशक बाद सिंधिया प्रमोशन पाकर फिर से उसी मंत्रालय के कैबिनेट मंत्री के रूप में  पूरे 360 डिग्री का एक चक्कर लगाकर वापस लौटे हैं। इससे पहले वह मोदी सरकार-2.0 में 2021 से नागरिक उड्डयन मंत्रालय देख रहे थे। (भाषा इनपुट्स के साथ)