एसटीएफ ने इनामी हथियार तस्कर को दबोचा
हरियाणा स्पेशल टास्क फोर्स ने 50 हजार रुपये के इनामी बदमाश सोनू उर्फ प्रमोद को गिरफ्तार किया। पुलिस ने उसके कब्जे से एक ग्लॉक पिस्टल, अवैध रिवॉल्वर और 226 कारतूस बरामद किए। आरोपी नीरज फरीदपुर गैंग का सदस्य है और उसके खिलाफ कई गंभीर मामले दर्ज हैं।

पलवल, केशव भारद्वाज। एसटीएफ (हरियाणा स्पेशल टास्क फोर्स) की पलवल यूनिट ने उत्तर प्रदेश के 50 हजार रुपये के इनामी बदमाश सोनू उर्फ प्रमोद को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक ग्लॉक पिस्टल, एक अवैध रिवॉल्वर और 226 कारतूस बरामद किए हैं। एसटीएफ ने इस मामले में गैंग से जुड़े एक अन्य आरोपी ललित उर्फ ललति को भी प्रोडक्शन वारंट पर लेकर गिरफ्तार किया है। एसटीएफ ने यह कार्रवाई तीन जुलाई को थाना मुंडकटी में शस्त्र अधिनियम के तहत दर्ज हुए मामले में की है। गिरफ्तार आरोपी सोनू उर्फ प्रमोद मूल रूप से उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ के बजौता हाल जलालपुर अलीगढ़ में रह रहा था। आरोपी नीरज फरीदपुर गैंग के लिए हथियार सप्लाई करने का काम करता था। उसे 18 जुलाई को गिरफ्तार कर होडल स्थित अदालत में पेश किया गया, जहां से दो दिन का पुलिस रिमांड लिया गया था। रिमांड के दौरान आरोपी की निशानदेही पर एक अवैध ग्लॉक पिस्टल, 42 कारतूस, एक अवैध रिवॉल्वर, 54 कारतूस और .315 बोर, 12 बोर व .32 बोर के 130 कारतूस बरामद किए गए। इस तरह पुलिस ने कुल 226 जिंदा कारतूस बरामद किए।
जांच में विवरण
जांच में सामने आया कि सोनू उर्फ प्रमोद नीरज फरीदपुरिया गैंग का सक्रिय सदस्य है। उसके खिलाफ हरियाणा और उत्तर प्रदेश में हत्या, हत्या के प्रयास, फिरौती, धमकी और आर्म्स एक्ट सहित करीब 16 आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह बुलंदशहर के काकोड़ थाने में दर्ज एक मामले में लंबे समय से फरार चल रहा था, जिस पर उत्तर प्रदेश पुलिस ने 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था।
साथी की गिरफ्तारी
आरोपी का साथी प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार एसटीएफ ने इस मामले में पलवल के मिल्कगनी गांव निवासी ललित उर्फ ललति को भी प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार ललित भी हथियार तस्करी करने का काम करता है। उसके खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, डकैती, लूट, आर्म्स एक्ट, जेल अधिनियम और अन्य गंभीर अपराधों के करीब 16 मुकदमे हरियाणा के विभिन्न थानों में दर्ज हैं। एसटीएफ अधिकारियों का कहना है कि जांच में यह पता लगाया जा रहा है कि आरोपी अब तक किन-किन गिरोहों और बदमाशों को हथियार उपलब्ध करवा चुके हैं। इनका नेटवर्क किन राज्यों तक फैला हुआ है। पुलिस को पूछताछ में और भी अहम खुलासे होने की उम्मीद है।


