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आजादी की वर्षगांठ: भारत-पाक तनाव के बीच देश में चप्पे-चप्पे पर कड़ी सुरक्षा, हाईटेक कैमरों-ड्रोन का इस्तेमाल

 independence day 2019

देश बृहस्पतिवार यानी आज आजादी की वर्षगांठ मना रहा है और इस जश्न को हर्षोल्लास एवं शांति से संपन्न करने के लिए राष्ट्रीय राजधानी सहित सभी राज्यों की राजधानियों में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए है। दिल्ली पुलिस लाल किले की सुरक्षा के लिए चेहरा पहचानने वाले सॉफ्टवेयर से लैस कैमरों का पहली बार इस्तेमाल कर रही है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी स्वतंत्रता दिवस पर दिल्ली में लाल किले पर राष्ट्रीय ध्वज फहरायेंगे। जम्मू कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 के तहत ज्यादातर प्रावधानों को हटाये जाने के फैसले और पाकिस्तान के साथ तनाव के मद्देनजर राष्ट्रीय राजधानी में बहुस्तरीय सुरक्षा की व्यवस्था की गई है। इसके तहत स्वाट कमांडो और एनएसजी स्नाइपर्स की भी तैनाती की गई है। सेना, अर्द्धसैनिक बलों और दिल्ली पुलिस के 20 हजार जवानों को तैनात किया गया है।

Independence day: लालकिले पर लगेंगे चेहरे की पहचान करने वाले कैमरे

ऐतिहासिक लालकिले के आसपास संदिग्धों की पहचान करने के लिए, पुलिस चेहरे की पहचान करने वाली तकनीक वाले कैमरों का उपयोग कर रही है। आसमान को सुरक्षित करने के लिए 'एंटी-ड्रोन डिटेक्शन सिस्टम तैनात किया गया है। कार्यक्रम स्थल के चारों ओर लगभग 500 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जहां प्रधानमंत्री को सुनने के लिए मंत्री, नौकरशाह, विदेशी गणमान्य व्यक्ति और आम लोग इकट्ठा होंगे। लाल किले की ओर जाने वाली सड़कों की निगरानी की जा रही हैं और पुलिसकर्मी दिल्ली के उत्तर और मध्य जिलों में वाहनों की जांच के लिए प्रशिक्षित खोजी कुत्तों की मदद ले रहे हैं।

पुलिस उपायुक्त (उत्तर) नुपुर प्रसाद ने कहा, ''लाल किले आने वाले सभी लोगों की सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किये गये है। प्रसाद ने बताया कि विशेष नियंत्रण कक्षों से निगरानी की जायेगी और सुरक्षा एजेंसियों के साथ समन्वय करेंगे। पंजाब और हरियाणा में सुरक्षा बढ़ा दी गयी है। महत्वपूर्ण स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और राज्य की सीमा पर वाहनों की सघन जांच की जा रही है। केंद्र प्रशासित क्षेत्र चंडीगढ़ में भी सुरक्षा बढ़ा दी गयी है। चंडीगढ़ दोनों राज्यों की संयुक्त राजधानी है। अधिकारियों ने बताया कि 15 अगस्त के आयोजन स्थलों पर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। 

73वां स्वतंत्रता दिवस: आजादी के 73 साल में जानें भारत की 73 खास उपलब्ध

चंडीगढ़, लुधियाना, अमृतसर, पानीपत, अंबाला सहित सभी महत्वपूर्ण स्टेशनों तथा अंतर राज्यीय बस टर्मिनल और अन्य स्थानों के इर्द गिर्द सुरक्षा बढ़ा दी गयी है। सीमाई क्षेत्रों में भी सुरक्षा की समुचित व्यवस्था की गयी है । जम्मू से मिली खबर के मुताबिक, स्वतंत्रता दिवस समारोहों के पहले सेना और बीएसएफ, भारत-पाकिस्तान सीमा के आसपास कड़ी चौकसी बरत रही है। जम्मू क्षेत्र में ज्यादातर जिलों में पुलिस पूरी सतर्कता बरत रही है और जम्मू शहर में जांच तेज कर दी गयी है । 

अनुच्छेद 370 के तहत जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा खत्म किए जाने और राज्य को दो केंद्रशासित प्रदेशों में बांटे जाने के फैसले के बाद यह पहला स्वतंत्रता दिवस है। राज्य गृह विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि जम्मू कश्मीर को लेकर केंद्र के फैसले को ध्यान में रखते हुए राज्य में खास प्रबंध किए गए हैं। 

एक आईएएस अधिकारी ने बताया कि केंद्र सरकार से अलर्ट मिला है और स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए हम विशेष सुरक्षा इंतजाम कर रहे हैं। राज्य के अन्य सभी हिस्से में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ायी गयी है। एक अधिकारी ने बताया कि 15 अगस्त के मद्देनजर एलओसी के आसपास सेना अलर्ट पर है और कड़ी चौकसी बरती जा रही है । 

इसी तरह अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास, खास कर संवेदनशील क्षेत्रों में बीएसएफ कड़ी निगरानी कर रहा है। किसी भी अप्रिय घटना को टालने के लिए सीमाई राज्य में सुरक्षा के असाधारण इंतजाम किए गए हैं। मुंबई से मिली खबर के अनुसार स्वतंत्रता दिवस समारोह के मद्देनजर 40,000 से ज्यादा पुलिसकर्मी आर्थिक राजधानी की पहरेदारी करेंगे। महाराष्ट्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एक सामान्य अलर्ट जारी किया गया है। पुलिस अधिकारियों ने यह जानकारी दी है।

मुंबई पुलिस के एक प्रवक्ता ने बुधवार को बताया कि शहर और उपनगर में कम से कम 40,000 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गयी है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को कहा कि पुलिस को मिली सूचना के अनुसार, अनुच्छेद 370 के तहत जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा निरस्त करने के केंद्र के कदम से कुछ क्षेत्रों में थोड़ा असर पड़ सकता है। उन्होंने कहा, ''हमें सामान्य सूचना मिली हैं। हम किसी भी घटना से निपटने के लिए तैयार हैं और हमारे सुरक्षा बल सतर्क हैं।

उन्होंने कहा कि सूचना में आगाह किया गया कि जम्मू-कश्मीर को लेकर हुये फैसले के कारण कुछ इलाकों में प्रभाव पड़ने की संभावना है। उन्होंने कहा, ''हम कुछ मुस्लिम बहुल इलाकों के निवासियों के साथ बातचीत कर रहे हैं। हमने लोगों से शांति और सद्भाव बनाए रखने का अनुरोध किया है।

पश्चिम बंगाल में भी सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद की गयी है। स्वतंत्रता दिवस समारोह के पहले कोलकाता और आसपास के क्षेत्रों के अलावा राज्य के जिलों में सुरक्षा बढ़ाई गई है।  कोलकाता पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए व्यापक सुरक्षा इंतजाम के अलावा महानगर के सभी प्रवेश और निकास स्थलों पर कड़ी निगरानी की जा रही है। 

अधिकारी ने बताया, ''हमने शहर के 23 प्रवेश स्थलों पर चौकसी बढ़ा दी है। शहर और शहर के आसपास के सभी बड़े-छोटे होटलों, गेस्ट हाउस और लॉज पर नजर रखी जा रही है ताकि समुचित कागजात के बिना इस अवधि में कोई नहीं ठहरे।
 

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  • Web Title:Happy Independence Day tight security deployment in country on thr 72th Independence anniversar