जेपी इंफ्राटेक के खरीदारों ने रिपोर्ट तैयार होने में देरी पर चिंता जताई
ग्रेटर नोएडा में करीब 20 हजार खरीदारों ने जेपी इंफ्राटेक की परियोजनाओं में फंसे होने के कारण रिपोर्ट में देरी पर चिंता जताई है। उन्होंने सरकार से हस्तक्षेप की मांग की है। एनसीएलटी की समिति ने रिपोर्ट न देने का आरोप लगाया है, जिससे खरीदारों में नाराजगी है।

ग्रेटर नोएडा, आशीष धामा। जेपी इंफ्राटेक की परियोजनाओं में फंसे करीब 20 हजार खरीदारों ने रिपोर्ट तैयार होने में देरी पर चिंता जताई है। उन्होंने मामले में सरकार से हस्तक्षेप की मांग की है। साथ ही एनसीएलटी में प्रवेश न मिलने पर भी आपत्ति जताई। जिल रियल स्टेट अलॉटीस वेयरफेयर सोसाइटी के अध्यक्ष आशीष मोहन गुप्ता ने बताया कि घर खरीदारों की शिकायतों के समाधान के लिए 12 फरवरी 2026 को एनसीएलटी ने दो सदस्यों की एक समिति बनाई थी। इस समिति को यह जांचने की जिम्मेदारी दी गई कि सुरक्षा रियल्टी द्वारा जेपी इंफ्राटेक की परियोजनाओं में निर्माण कार्य तय समय और रिजॉल्यूशन प्लान के अनुसार हो रहा है या नहीं।
इस मामले की सुनवाई 26 मई को हुई, लेकिन तब तक समिति ने अपनी रिपोर्ट नहीं सौंपी थी। अगली तारीख 15 जुलाई दी गई, लेकिन बुधवार को भी रिपोर्ट तैयार नहीं थी। अब अगली सुनवाई 25 अगस्त को होगी। आरोप है कि सुनवाई में कई खरीदार भी एनसीएलटी पहुंचे थे, लेकिन उन्हें प्रवेश नहीं दिया गया। इस फैसले से घर खरीदारों में नाराजगी है। उनका कहना है कि उनके घरों का भविष्य इस मामले पर निर्भर है, इसलिए उन्हें सुनवाई के दौरान मौजूद रहने का अधिकार मिलना चाहिए।


