कैब कंपनियों को ऐप से एडवांस टिप बंद करने का निर्देश

हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
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या कैब कंपनियों को ऐप से एडवांस टिप का विकल्प हटाना होगा नई दिल्ली,

कैब कंपनियों को ऐप से एडवांस टिप बंद करने का निर्देश

नई दिल्ली, एजेंसी। केंद्र सरकार ने ओला, उबर और रैपिडो जैसी कैब कंपनियों को ऐप पर दी जाने वाली ‘एडवांस टिप’ की सुविधा बंद करने का निर्देश दिया। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने बुधवार को इस संबंध में दिशा-निर्देश जारी किए। मंत्रालय ने 11 अगस्त को जारी निर्देश में कहा है कि कुछ कैब एग्रीगेटर ऐप पर ‘एडवांस टिप’, ‘ऐड-ऑन चुनें’, ‘जल्दी सवारी की पुष्टि की संभावना बढ़ाएं’ और ‘टिप जोड़ने पर चालक के इस यात्रा को स्वीकार करने की अधिक संभावना हो सकती है’ जैसे विकल्प या संदेश दिखाई दे रहे हैं। इस तरह की व्यवस्था से यात्रियों के बीच यह धारणा बन सकती है कि पहले से टिप देने पर उनकी राइड जल्दी स्वीकार हो सकती है। मंत्रालय ने खास तौर पर हाई डिमांड के समय इस व्यवस्था को लेकर चिंता जताई। ऐसे समय में एडवांस टिप का विकल्प यात्रियों पर राइड पाने के लिए अतिरिक्त भुगतान करने का दबाव बनाता है。

समीक्षा करने को कहा

मंत्रालय ने सभी मोटर वाहन एग्रीगेटरों से अपने मोबाइल ऐप और डिजिटल प्लेटफॉर्म की तुरंत समीक्षा करने को कहा है। साथ ही, दिशानिर्देशों के प्रावधान 14.15 का पूरी तरह पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। मंत्रालय ने कहा कि नियमों के अनुरूप नहीं पाए जाने वाले किसी भी ऐप इंटरफेस या सुविधा में बिना देरी के जरूरी बदलाव किए जाएं।

यात्रा पूरी होने के बाद ही दे सकेंगे टिप

दिशानिर्देशों के अनुसार, एग्रीगेटर अपने ऐप पर यात्रियों को चालक को स्वेच्छा से टिप देने की सुविधा दे सकते हैं। लेकिन यह विकल्प यात्रा पूरी होने के बाद ही दिया जा सकता है। इसे कैब बुक करते समय, यात्रा शुरू होने से पहले या यात्रा के दौरान उपलब्ध नहीं कराया जा सकता। मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया कि यात्री की ओर से दी गई टिप की पूरी राशि बिना किसी कटौती के चालक को देनी होगी। ऐप पर ऐसी कोई टिप सुविधा या व्यवस्था नहीं होनी चाहिए, जो यात्रियों को किसी तरह से भ्रमित या प्रभावित करे।

सामान्य प्रश्न

सरकार ने एडवांस टिप की सुविधा क्यों बंद की?
सरकार ने चिंता जताई कि एडवांस टिप का विकल्प यात्रियों पर राइड पाने के लिए अतिरिक्त भुगतान करने का दबाव बनाता है।
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