मंडल में 3332 बुनकर परिवारों को मिलेगा बिजली अनुदान
आजमगढ़, मऊ और गाजीपुर के 3332 बुनकर परिवारों को बिजली अनुदान का लाभ मिलेगा। शासन ने बुनकरों के सत्यापन के बाद प्रस्ताव को मंजूर किया। प्रत्येक परिवार को 3936 रुपये की सहायता मिलेगी। पिछले वर्ष 5214 बुनकरों ने आवेदन किया था, जिनमें से 3332 पात्र पाए गए हैं।

आजमगढ़,संवाददाता। मंडल के आजमगढ़, मऊ और गाजीपुर जिले के 3332 बुनकर परिवारों को बिजली अनुदान का लाभ मिलेगा। हस्तकरघा विभाग की ओर से बुनकर परिवारों के सत्यापन के बाद अनुदान के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया था। शासन स्तर से प्रस्ताव को मंजूर कर लिया गया है। जल्द ही बुनकरों के खाते में अनुदान की धनराशि भेजी जायेगी। प्रत्येक पात्र बुनकर परिवार को करीब 3936 रुपये तक की सहायता धनराशि दी जाएगी।
बुनकरों की जानकारी
मंडल में 18076 हथकरघा बुनकर हैं। इनमें आजमगढ़ में 16820, मऊ में 772 और गाजीपुर 484 बुनकर शामिल हैं। इन बुनकरों को बिजली छूट योजना के तहत बिजली उपभोग करने वाले को सरकार सब्सिडी दे रही है। सरकार हर साल हस्तकरघा बुनकरों को शासन की तरफ से एक बल्ब, एक पंखा और एक ट्यूब लाइट जलाने के लिए 3936 रुपये सालाना सब्सिडी के रूप में अनुदान देती है। जिससे उनके कारोबार करने में कोई दिक्कत न हो। इस वर्ष शासन की तरफ से 18 हजार बुनकरों को अनुदान देने के लिए लक्ष्य निर्धारित किया है। इस वर्ष के लिए अभी तक हस्तकरघा विद्युत सब्सिडी के लिए 5214 बुनकरों ने आवेदन किया गया था। हस्तकरघा विभाग की ओर से सत्यापन में 3332 पात्र बुनकर पात्र पाए गए थे। पात्र पाए गए परिवारों में आजमगढ़ में 2972, मऊ में 300 और गाजीपुर में 60 हस्तकरघा बुनकर शामिल है। इन बुनकरों को बिजली अनुदान देने के लिए विभाग की तरफ सब्सिडी के लिए प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा गया था। जिसे शासन से स्वीकृति मिलने के बाद अब विभाग की ओर से आगे की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
अनुदान की धनराशि
विभागीय अधिकारियों के अनुसार सरकार बुनकरों के कारोबार को बढ़ावा देने के लिए बिजली पर सब्सिडी उपलब्ध करा रही है। जिसके तहत बुनकरों से सब्सिडी के लिए आवेदन मांगा गया था। आवेदन के लिए विभाग ने पात्र परिवारों का सत्यापन कराया था। इसमें बुनकर परिवार, उनके कार्य और पात्रता से संबंधित विवरण का सत्यापन किया गया। सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने के बाद पात्र परिवारों की सूची के आधार पर अनुदान का प्रस्ताव शासन को भेजा गया था। शासन की मंजूरी मिलने के बाद अब पात्र बुनकरों को शीघ्र ही उनके बैंक खाते भेजी जायेगी।
धनराशि वितरण की प्रक्रिया
दो चरणों में 1968-1868 रुपये की मिलेगी धनराशि
बुनकरों को अनुदान के रूप में पहले चरण में 1968 रुपये और दूसरे चरण में 1868 रुपये दिए जाएंगे। ये धनराशि छह-छह माह पर बुनकरों को मिलेगी। विभागीय अधिकारियों के अनुसार अनुदान का उद्देश्य बुनकरों को बिजली खर्च में राहत देना और उनके काम को सुचारू बनाए रखना है।
आवश्यक कागजात
अनुदान के लिए ये कागजात है जरूरी
हथकरघा बुनकरों को बिजली सब्सिडी के लिए इन कागजातों को जमा करना होता है। आवेदन फार्म के साथ एक फोटो, आधार कार्ड की फोटो कापी, बुनकर परिचय पत्र, बैंक की पासबुक कापी लगाना जरूरी है। इसके साथ ही सादा कागज पर घोषणा पत्र भी दिया जाना होता है।
कोट
हथकरघा बुनकरों को बिजली सब्सिडी देने के लिए भेजे गए प्रस्ताव को शासन से स्वीकृति मिल गई है। जल्द ही हस्तकरघा बुनकरों के बैंक खाते में धनराशि भेजी जायेगी।
सुघांशु सिंहा, सहायक आयुक्त हथकरघा, मऊ।


