'असमय रथ यात्रा के मुद्दे पर लोगों को गुमराह कर रहा इस्कॉन'
पुरी के गजपति महाराजा दिब्यसिंह देब ने इस्कॉन पर 'असमय' रथ यात्राओं के आयोजन के लिए लोगों को गुमराह करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि इस्कॉन की प्रेस विज्ञप्ति में गलत जानकारी दी गई है। जगन्नाथ मंदिर प्रशासन का कहना है कि रथ यात्रा हिंदू पंचांग के अनुसार ही होनी चाहिए।

पुरी (ओडिशा), एजेंसी। पुरी के गजपति महाराजा दिब्यसिंह देब ने इस्कॉन पर विदेशों में 'असमय' रथ यात्राओं के आयोजन को मुद्दे पर लोगों को गुमराह करने की कोशिश का आरोप लगाया। उन्होंने इस्कॉन की ओर से जारी एक प्रेस विज्ञप्ति पर प्रतिक्रिया देते हुए यह आरोप लगाया। वह श्री जगन्नाथ मंदिर प्रबंध समिति (एसजेटीएमसी) के अध्यक्ष भी हैं। इस विज्ञप्ति में दावा किया गया था कि भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा आयोजित करने को लेकर हुई बहस में कथित तौर पर पुरी के विद्वान, इस्कॉन के विद्वानों से पराजित हो गए थे। गजपति महाराजा ने कहा कि मुंबई के जुहू स्थित इस्कॉन शाखा द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति में पूरी तरह गलत और अप्रासंगिक जानकारी दी गई है।
उन्होंने कहा कि पुरी के श्री नाहर में चर्चा और बहस हुई थी, लेकिन पुरी के विद्वानों के हार जाने की बात पूर तरह मनगढ़ंत है। देब ने कहा कि इस मुद्दे पर श्री जगन्नाथ मंदिर प्रशासन जल्द ही प्रतिक्रिया देगा।जगन्नाथ मंदिर प्रशासन का कहना है कि रथ यात्रा हिंदू पंचांग के अनुसार आषाढ़ शुक्ल द्वितीया तिथि से शुरू होने वाली नौ दिवसीय अवधि में ही आयोजित की जानी चाहिए। वहीं, इस्कॉन का कहना है कि वह पूरे वर्ष विभिन्न स्थानों पर रथ यात्रा आयोजित करना चाहता है और इस मुद्दे पर श्री जगन्नाथ मंदिर प्रशासन (एसजेटीए) के साथ चर्चा हमेशा के लिए समाप्त हो चुकी है।


