पांचाल घाट पर गंगा स्नान के दौरान चार कांवड़िए डूबे, तलाश जारी
खुदागंज के चार कांवड़िए, गंगाजल के लिए फर्रुखाबाद के पांचाल घाट गए थे। स्नान करते समय गहरे पानी में डूब गए। सहकर्मियों ने बचाने की कोशिश की, लेकिन चारों युवक डूब गए। पुलिस और एनडीआरएफ की टीम ने सर्च अभियान शुरू किया है। परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे हैं।

खुदागंज (शाहजहांपुर), संवाददाता। भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करने के लिए फर्रुखाबाद के पांचाल घाट से गंगाजल लेने गए खुदागंज के चार कांवड़िए गंगा में स्नान करते समय गहरे पानी में डूब गए। घटना की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। पुलिस और एनडीआरएफ की टीम ने मौके पर पहुंचकर सर्च अभियान शुरू किया, लेकिन खबर लिखे जाने तक चारों युवकों का कोई सुराग नहीं लग सका था। जानकारी के अनुसार खुदागंज नगर के मोहल्ला साहूकारा निवासी कमल सक्सेना पुत्र रामपाल सक्सेना (21 वर्ष), योगेश सक्सेना पुत्र प्रमोद कुमार (20 वर्ष), विकास सक्सेना पुत्र सोनपाल (22 वर्ष) तथा मोहल्ला हनुमान गली निवासी अर्जुन कश्यप पुत्र राजेश (23 वर्ष) अपने साथियों के साथ रविवार शाम घर से फर्रुखाबाद के पांचाल घाट के लिए रवाना हुए थे।
सभी को गोला गोकर्णनाथ स्थित छोटी काशी में भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करना था। रात में पांचाल घाट पहुंचने के बाद सभी एक शिविर में ठहरे। साथ गए साथी लकी गुप्ता और अवनीश के अनुसार सोमवार तड़के करीब छह युवक गंगा स्नान के लिए घाट पर पहुंचे। लकी और अवनीश कपड़े व बैग की देखरेख के लिए शिविर के पास रुक गए, जबकि कमल, योगेश, विकास और अर्जुन गंगा में स्नान करने चले गए। बताया जा रहा है कि विकास बेरिकेडिंग के दूसरी ओर गहरे पानी में चला गया और अचानक डूबने लगा। उसे बचाने के प्रयास में उसके साथी भी एक-एक कर गहरे पानी की ओर चले गए। देखते ही देखते चारों युवक गंगा की तेज धारा और गहरे पानी में समा गए। घाट पर मौजूद लोगों के शोर मचाने पर साथियों को घटना की जानकारी हुई। सूचना तत्काल पुलिस को दी गई। पुलिस टीम के साथ एनडीआरएफ के जवानों ने मौके पर पहुंचकर गंगा में सर्च अभियान शुरू किया। गोताखोरों की मदद से काफी देर तक चारों युवकों की तलाश की गई, लेकिन अभी तक किसी का पता नहीं चल सका है। घटना की सूचना पर सभी परिवारजन भी मौके पर पहुंच गए और अपने लापता परिजनों की तलाश में जुटे हैं। खुदागंज पुलिस ने बताया कि चारों युवकों के डूबने की सूचना मिली है। परिवार वाले फर्रुखाबाद गए हैं। वहां खोजबीन जारी है।


