सामुदायिक रसोई की की संख्या में कटौती की जाएगी: डीएम
डीएम बोले, दो-तीन दिनों में सामान्य हो सकती है बाढ़ की स्थिति, जरूरत नहीं वाले क्षेत्रों में नावों का परिचालन भी कम किया जाएगा

बेगूसराय, हमारे प्रतिनिधि। जिले में बाढ़ का पानी लगातार घट रहा है। जलस्तर में कमी को देखते हुए जिन स्थानों पर सामुदायिक रसोई की आवश्यकता नहीं रह गई है, वहां इसकी संख्या में कटौती की जाएगी। इस संबंध में एसडीओ और सीओ को निर्देश दिया गया है।
दी गई जानकारी
डीएम रिची पांडेय ने शनिवार को समाहरणालय में पत्रकारों से बातचीत के दौरान यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कुछ इलाकों में अब भी पानी है और वहां पशुचारा की कमी की समस्या सामने आ रही है। पंचायतों से समीक्षा कर ऐसे क्षेत्रों में पशुचारा उपलब्ध कराया जा रहा है। जिन जगहों पर नावों की जरूरत नहीं रह गई है, वहां भी परिचालन की समीक्षा कर नावों की संख्या कम की जाएगी। अधिकारियों के साथ बैठक कर नावों के परिचालन और उनकी जरूरत की लगातार समीक्षा की जा रही है।
भ्रामक खबरें
डीएम ने कहा कि कुछ मीडिया माध्यमों में यह खबर चल रही है कि जिन लोगों के घरों में पानी नहीं घुसा है, उन्हें जीआर की राशि नहीं दी जाएगी। यह भ्रामक और तथ्यहीन खबर है। आपदा के एसओपी के अनुसार प्रत्येक पात्र पीड़ित परिवार को जीआर का वितरण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पानी लगातार घट रहा है और अगले दो-तीन दिनों में स्थिति सामान्य होने की उम्मीद है। पानी निकलने के बाद स्वास्थ्य विभाग को ब्लीचिंग पाउडर और फॉगिंग का छिड़काव कराने का निर्देश दिया गया है।
स्वच्छ पानी और पशुपालन
शुद्ध पेयजल के लिए पानी में डाले हैलोजन टैबलेट पीएचईडी के अधिकारियों को हैलोजन टैबलेट का इस्तेमाल कर शुद्ध पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित करने को कहा गया है। पशुपालन विभाग को पशुओं में होने वाली बीमारियों पर नजर रखने का निर्देश दिया गया है। फंगल संक्रमण और डेंगू को लेकर भी विशेष सतर्कता बरती जा रही है। खासकर गर्भवती, धात्री महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य पर विशेष नजर रखी जा रही है।
मौत और मुआवजा
डीएम ने बताया कि बाढ़ के दौरान अब तक चार लोगों की मौत हुई है। सभी मामलों में 24 घंटे के अंदर मुआवजे की राशि का भुगतान कर दिया गया। वहीं, जिले में कटाव की फिलहाल कोई सूचना नहीं है। मौके पर एडीएम बृजकिशोर चौधरी, सिविल सर्जन, डीईओ व अन्य थे। रिपोर्टर:प्रवीण कुमार


