घटने पर मिलता सुकून, बढ़ी तो हिलोरें देख बढ़ जाती धड़कनें

हिन्दुस्तान, चित्रकूट
Follow us on Google News
share

धर्मनगरी चित्रकूट के निचले इलाकों में मंदाकिनी नदी के जलस्तर में वृद्धि से लोग डर में हैं। पिछले महीने में नदी ने 10 बार खतरे का निशान पार किया। भारी बारिश के कारण प्रशासन ने राहत कार्य शुरू किया। पीड़ितों को सहायता देने के लिए व्यापारी और संगठन सक्रिय हैं।

घटने पर मिलता सुकून, बढ़ी तो हिलोरें देख बढ़ जाती धड़कनें

चित्रकूट/सीतापुर। धर्मनगरी चित्रकूट के निचले इलाकों में रहने वालों को अब हर पल मंदाकिनी के जलप्रलय का भय सता रहा है। नदी का जलस्तर घटने पर कुछ पल तो सुकून मिलता है, लेकिन जोरदार बारिश के बाद मंदाकिनी की उफान में उठ रही हिलोरें देख धड़कनें तेज हो जाती है। पिछले एक महीने के भीतर मंदाकिनी अब तक 10 बार खतरे के निशान को पार कर चुकी है। धर्मनगरी में अब तक यह सबसे बड़ा जलप्रलय मंदाकिनी ने दिखाया है। जिसमें लोगों को सर्वाधिक नुकसान हुआ। कई दिन से यूपी-एमपी इलाके में रोजाना रात भर हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। सोमवार की देर रात से यूपी-एमपी इलाके में मूसलाधार बारिश मंगलवार की सुबह तक हुई। इसके साथ ही एमपी क्षेत्र में मंदाकिनी से जुडी सेमरावली नदी उफान पर आ गई। इसका पानी मंदाकिनी में पहुंचते ही तेजी से जलस्तर बढ़ गया। दोपहर में मंदाकिनी खतरे के निशान से करीब चार मीटर ऊपर पहुंच गई। चार दिन पहले मंदाकिनी में आई प्रलयकारी बाढ़ ने धर्मनगरी को जलमग्न कर दिया था। अभी तक प्रभावित लोग उस दर्द को सहन नहीं कर पाए है। मंगलवार को मंदाकिनी का जलस्तर बढ़ने के साथ ही यूपी-एमपी प्रशासन ने समय रहते राहत एवं बचाव कार्य में जुट गया। डीएम पुलकित गर्ग, एसपी अरुण कुमार सिंह ने खुद कमान संभाली और रामघाट पहुंचकर प्रभावित इलाकों से लोगों को बाहर निकलवाया। दोनो अधिकारियों ने मठ-मंदिरों के साथ लोगों के आवासीय मकानों में खुद घुसकर अंदर मौजूद लोगों को बाहर किया और तत्काल सुरक्षित स्थानों में पहुंचाया। एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, पीएसी के साथ प्रशासनिक अधिकारी बाढ़ प्रभावित इलाकों में डटे रहे। देखते ही देखते कुछ घंटों में मंदाकिनी का पानी रामघाट की सड़कों पर आ गया और नाव सड़क पर चलने लगी। कुछ घरों में मौजूद लोगों को नाव के जरिए टीमों ने सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया। गलियों और सड़कों में मंदाकिनी का पानी भर गया।

मंदाकिनी पुल का एप्रोच मार्ग दुरुस्त, निकलने लगी बसें

मुख्यालय कर्वी स्थित मंदाकिनी पुल के धंसे एप्रोच मार्ग को प्रशासन ने दुरुस्त करा दिया है। रविवार से ही यहां पर कार्य चल रहा था। रात में भी जेसीबी के जरिए काफी मिट्टी के साथ ही गिट्टी भरवाई गई। दुरुस्त होने के बाद अब पुल से रोडवेज की बसों को निकाला जाने लगा है। इसके पहले तक केवल हल्के वाहन ही निकल रहे थे। फिलहाल ट्रकों को पुल से नहीं निकाला जा रहा है।

पीड़ितों की सहायता को कई ने प्रशासन को सौंपे चेक

बाढ़ पीड़ितों को तत्कालिक राहत पहुंचाने के लिए विभिन्न संगठनों के साथ ही व्यापारी आगे आए है। व्यापारी विवेक आसमानी ने एक लाख रुपये का चेक डीएम को सौंपा है। सपा के सदर विधायक अनिल प्रधान ने प्रशासन को बाढ़ प्रभावितों को राहत देने के लिए एक लाख 25 हजार रुपये की सहायता प्रदान की है। इसी तरह पहाड़ी निवासी प्रशांत ने मानवीय संवेदना दिखाते हुए एक लाख 11 हजार का चेक डीएम-एसपी को सौंपा। नवीन गल्ला मंडी समिति के व्यापारियों ने 51 हजार रुपये की सहायता राशि मंडी सचिव विनय सिंह के नेतृत्व में प्रभारी मंत्री नंदगोपाल गुप्ता को सौंपी। इस दौरान आनंद अग्रवाल, लक्ष्मी प्रसाद, बद्री केसरवानी, सूर्यप्रकाश, श्यामलाल, रज्जू साहू, दीपू सिंह आदि व्यापारी मौजूद रहे।

प्रश्नोत्तर

बाढ़ प्रभावित लोगों की सहायता के लिए व्यापारी कितनी सहायता राशि दे रहे हैं?
व्यापारी विवेक आसमानी ने एक लाख रुपये, सपा के विधायक अनिल प्रधान ने एक लाख 25 हजार रुपये और पहाड़ी निवासी प्रशांत ने एक लाख 11 हजार रुपये की सहायता राशि दी है।
Hindustan | Bureau

लेखक के बारे में

Hindustan | Bureau

हिन्दुस्तान भारत का एक प्रतिष्ठित हिंदी समाचार-पत्र है, जिसकी स्थापना 1936 में महामना पंडित मदन मोहन मालवीय ने की थी। स्वतंत्रता आंदोलन की विरासत को समेटे यह प्रकाशन आज भारत के सर्वाधिक पढ़े जाने वाले हिंदी समाचार-पत्रों में दूसरे स्थान पर है। WAN-IFRA के अनुसार, 2016 में 'हिन्दुस्तान' विश्व के शीर्ष 13 सर्वाधिक प्रसारित अखबारों में शामिल था। हर रोज 5 राज्‍यों सह‍ित देश की राजधानी द‍िल्‍ली और एनसीआर (नोएडा, गाज‍ियाबाद, गुरुग्राम) में 23 संस्‍करण प्रकाश‍ित होते हैं। ‘पाठक सर्वोपर‍ि’ हिन्दुस्तान की संपादकीय नीति है। समय पर, शोध और गहन खोजबीन के बाद व‍िस्‍तार से न्‍यूज र‍िपोर्ट प्रकाश‍ित की जाती है। हर खबर में सभी पक्षों और दृष्टिकोणों को संतुलित रूप से पेश किया जाता है।

और पढ़ें
Hindi News , इंडिया न्यूज़ , आज का मौसम , विधानसभा चुनाव और Sawan 2026 से जुड़ी ताज़ा खबरों व पल-पल के अपडेट के लिए लाइव हिन्दुस्तान के साथ जुड़े रहें। UP Chunav 2027 , UP Vidhan Sabha Seats और UP Vidhan Sabha Candisates से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण खबरें और जानकारी यहां पढ़ें। सभी बड़ी खबरें सबसे पहले पाने के लिए लाइव हिन्दुस्तान ऐप अभी डाउनलोड करें।
Hindi NewsIndia Newsघटने पर मिलता सुकून, बढ़ी तो हिलोरें देख बढ़ जाती धड़कनें