नेपाल त्रासदी: सैलाब में लापता पांच युवकों का आठ दिन बाद भी नहीं सुराग नहीं
कुशीनगर, मिथिलेश द्विवेदी। बीते 26 अगस्त दिन बुधवार को सुबह 9:00 बजे के करीब

कुशीनगर, मिथिलेश द्विवेदी। बीते 26 अगस्त दिन बुधवार को सुबह 9:00 बजे के करीब अचानक आए सैलाब में गायब पांच लोगों का आठवें दिन भी कोई ता पता नहीं चला है। जलप्रलय के बाद से कप्तानगंज क्षेत्र के पांच युवक लापता हैं। लापता सूची में नाम दर्ज कराने के बाद से परिजन सूचना मिलने की आस लगाये बैठे हुए हैं।
लापता लोगों की जानकारी
मलुकही निवासी करण शर्मा के भाई शिव शर्मा मंगलवार को ही नेपाल भाई को तलाशने चला गया था पर शिव शर्मा का मोबाइल स्विच ऑफ होने के कारण उनके माध्यम से भी स्पष्ट जानकारी नहीं मिल सकी। करण शर्मा करीब छह सात वर्षों से नेपाल के रसुवा जिला त्रिशूली स्थित पावर प्लांट में नौकरी करता था। इसी क्रम में सुधियानी ग्राम सभा से छह लोग नेपाल कुल 6 महीना पूर्व गए थे, जिसमें से तीन लोग तो सकुशल घर वापस आ गए पर 3 किलोमीटर दूर सैकड़ों फीट नीचे वर्कशॉप में काम करने वाले तीन लोग अभय तिवारी, पंकज राजभर तथा अमन गोंड का अभी तक पता नहीं चल सका है।
परिजनों की चिंता
अमन के पिता सेतभान गोंड ने बताया कि नेपाल से गांव लौटे 3 लोगों ने नेपाल स्थित भारतीय एंबेसी में बेटे सहित गांव के दो अन्य लोगों का लापता सूची में नाम दर्ज करा दिया है पर दुर्भाग्य बस अब तक कोई सूचना नहीं आई है। परिवार के लोगों का बेटे की याद में स्थिति काफी दयनीय हो चुकी है।
एक अन्य लापता व्यक्ति
इसी क्रम में अमडीहा निवासी अक्षय कुमार सिंह स्टोर मैनेजर पद पर एंट्रीज हाइड्रो टुंडिया प्राइवेट लिमिटेड कंपनी में काम करता है। इसका भी अता पता परिजनों को अब तक नहीं मिला है। अक्षय कुमार सिंह का आखिरी लोकेशन रसुवा त्रिशूली पता चला है। परिजन अभी भी उम्मीद लगाए बैठे हैं कि देर सवेर शुभ सूचना आएगी।


