मत्स्य महाविद्यालय गुमला के 30 छात्र-छात्राएं पहुंचे हंटरगंज
मत्स्य महाविद्यालय गुमला के 30 छात्र-छात्राएं पहुंचे हंटरगंजमत्स्य महाविद्यालय गुमला के 30 छात्र-छात्राएं पहुंचे हंटरगंजमत्स्य महाविद्यालय गुमला के 30

हंटरगंज निज प्रतिनिधि मात्स्यिकी विभाग के मत्स्य महाविद्यालय गुमला के 30 छात्र-छात्राएं दो दिवसीय प्रशिक्षण के लिए हंटरगंज के जोरी स्थित प्रहलाद मत्स्य पालन केंद्र पहुंचे। छात्र-छात्राओं को राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कृत प्रगतिशील मत्स्य पालक प्रहलाद चौधरी ने मत्स्य पालन के गुर सिखाए। प्रहलाद चौधरी ने छात्रों को मछली के प्रकार, उनके बीज, बीज उत्पादन, पालन-पोषण, तालाब प्रबंधन, आहार और रोग नियंत्रण से संबंधित विस्तृत और व्यावहारिक जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कैसे कम लागत में वैज्ञानिक तरीके से मत्स्य पालन कर बेहतर मुनाफा कमाया जा सकता है। उन्होंने अपने फार्म में विकसित आधुनिक तकनीकों को छात्रों के सामने प्रस्तुत किया।
छात्रों ने तालाब में जाकर मछली के बीजों को नजदीक से देखा और पालन की बारीकियों को समझा।प्रशिक्षण प्राप्त करने पहुंचे छात्र-छात्राओं ने प्रहलाद चौधरी के मत्स्य पालन के अनोखे तरीके और प्रशिक्षण देने की कला को अद्भुत बताया। छात्रों ने कहा कि किताबी ज्ञान से अलग यहां जमीनी स्तर पर जो जानकारी मिली है, वह उनके भविष्य के लिए काफी उपयोगी साबित होगी। छात्र-छात्राओं के साथ आए पदाधिकारी और प्रोफेसर भी प्रहलाद चौधरी के कार्यों से काफी प्रभावित हुए। उन्होंने कहा कि एक किसान अपने दम पर इतना बड़ा मॉडल तैयार कर सकता है, यह काबिले तारीफ है। प्रहलाद चौधरी का यह मत्स्य पालन केंद्र पूरे झारखंड के लिए एक मॉडल बन गया है, जहां से कई युवा प्रेरणा ले रहे हैं।फोटो06 सितंबर चतरा 8- जोरी में प्रहलाद चौधरी मत्स्य पालन केंद्र पर प्रशिक्षण लेने पहुंचे पालन महाविद्यालय के छात्र-छात्राएं


