प्रवासी भारतीयों को जोड़ने के लिए कदम उठाएं बैंक : सीतारमण
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बैंकों से प्रवासी भारतीयों (एनआरआई) के लिए विदेशी मुद्रा जमा (एफसीएनआर-बी) योजनाओं को बढ़ाने के लिए कहा। इससे विदेशी मुद्रा भंडार मजबूत होगा। उन्होंने बैंकों को नई योजनाएँ शुरू करने और डिजिटल माध्यमों का उपयोग करने पर बल दिया। गिफ्ट सिटी की सुविधाओं का सही उपयोग करने की भी बात कही गई।

नई दिल्ली, एजेंसी। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बैंकों से कहा है कि वे प्रवासी भारतीयों (एनआरआई) तक अपनी पहुंच बढ़ाएं और उन्हें अधिक से अधिक विदेशी मुद्रा जमा (एफसीएनआर-बी) योजनाओं से जोड़ें। इससे देश में विदेशी मुद्रा का प्रवाह बढ़ेगा और विदेशी मुद्रा भंडार मजबूत होगा। सोमवार को सीतारमण ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और वित्तीय संस्थानों के प्रमुखों के साथ बैठक की। इसमें एफसीएनआर (बी) जमा, विदेशों से कर्ज जुटाने (बाह्य वाणिज्यिक उधारी) और विदेशी मुद्रा से जुड़े अन्य उपायों की समीक्षा की गई। बैठक में बैंकों ने बताया कि वे एफसीएनआर (बी) जमा पर पहले से अधिक आकर्षक ब्याज दे रहे हैं। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) द्वारा ब्याज दर की अधिकतम सीमा हटाने के बाद बैंक बेहतर रिटर्न की पेशकश कर पा रहे हैं। इसकी वजह से सिंगापुर, हांगकांग, ब्रिटेन, अमेरिका और पश्चिम एशिया में रहने वाले भारतीयों की रुचि बढ़ी है。
नई योजनाएँ और डिजिटल माध्यम
वित्त मंत्री ने बैंकों से कहा कि वे नई जमा योजनाएं शुरू करें, डिजिटल माध्यमों का ज्यादा इस्तेमाल करें और योजना की बची हुई अवधि में अधिक से अधिक विदेशी मुद्रा जमा जुटाएं।
गिफ्ट सिटी का भी करें इस्तेमाल
बैंकों ने बताया कि गुजरात की गिफ्ट सिटी में स्थित अंतरराष्ट्रीय बैंकिंग इकाइयों के माध्यम से भी विदेशों से धन जुटाया जा रहा है। वित्त मंत्री ने कहा कि बैंकों को गिफ्ट सिटी में उपलब्ध सुविधाओं का अधिक से अधिक उपयोग करना चाहिए।


