इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल पर फिर छिड़ी बहस, सौरभ जोशी के वीडियो से बढ़ी चर्चा
उत्तराखंड के व्लॉगर सौरभ जोशी ने ई 20 पेट्रोल के कारण अपनी मर्सिडीज का माइलेज घटने का दावा किया है। इससे पहले यूट्यूबर मनीष कश्यप ने भी ऐसी ही समस्या जताई थी। हालांकि, सरकार का कहना है कि ई 20 से माइलेज में मामूली कमी ही आएगी। यह विवाद सोशल मीडिया पर बढ़ रहा है।

भूपेश कन्नौजिया , हल्द्वानी। देश में इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल को लेकर बहस एक बार फिर तेज हो गई है। सोशल मीडिया पर उत्तराखंड के चर्चित व्लॉगर सौरभ जोशी का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने दावा किया है कि ई 20 पेट्रोल के इस्तेमाल के बाद उनकी लग्जरी कार का माइलेज पहले के मुकाबले काफी घट गया। वीडियो में उन्होंने कहा कि उनकी मर्सिडीज पहले 15–17 किमी प्रति लीटर का माइलेज देती थी, जो अब काफी कम हो गया है। इससे पहले यूट्यूबर मनीष कश्यप भी अपनी कार को लेकर इसी तरह की शिकायत कर चुके हैं।
हालांकि, सरकार का कहना है कि E20 ईंधन से माइलेज में सामान्य पेट्रोल की तुलना में औसतन 3 से 5 प्रतिशत तक ही कमी आ सकती है। सरकार के अनुसार, पेट्रोल में 20 प्रतिशत इथेनॉल मिलाने का उद्देश्य कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता कम करना, किसानों को लाभ पहुंचाना और प्रदूषण में कमी लाना है।ऑटोमोबाइल विशेषज्ञों का भी मानना है कि ई 20 ईंधन का प्रभाव वाहन के मॉडल, इंजन की तकनीक और उसके रखरखाव पर निर्भर करता है। ऐसे में सोशल मीडिया पर सामने आ रहे व्यक्तिगत अनुभवों और वैज्ञानिक अध्ययनों के बीच अंतर को समझना जरूरी है। फिलहाल ई 20 पेट्रोल को लेकर लोगों के बीच चर्चा और सवाल दोनों लगातार बढ़ रहे हैं।


