बाइक व तीन लाख की मांग को लेकर विवाहिता को फंदे पर लटकाया, मुकदमा

हिन्दुस्तान, गंगापार
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मांडा । मांडा के खैरुआ गांव निवासी कन्हैया लाल पाल ने अपनी पुत्री का विवाह फरवरी 2026 में हिंदू रीति-रिवाज के साथ जनपद के हंडिया थाना क्षेत्र के

बाइक व तीन लाख की मांग को लेकर विवाहिता को फंदे पर लटकाया, मुकदमा

मांडा के खैरुआ गांव निवासी कन्हैया लाल पाल ने अपनी पुत्री का विवाह फरवरी 2026 में हिंदू रीति-रिवाज के साथ जनपद के हंडिया थाना क्षेत्र के करैयावर निवासी परमेश्वर पाल पुत्र बिहारी लाल के साथ किया था। आरोप है कि विवाह के समय लगभग तीन लाख रुपये नकद, गहने तथा अन्य घरेलू सामान दहेज के रूप में दिया गया था। परिजनों के अनुसार विवाह के कुछ समय बाद ही ससुराल पक्ष द्वारा अतिरिक्त दहेज में बाइक की मांग की जाने लगी। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण बाइक की मांग पूरी नहीं की जा सकी, जिसके बाद मृतका को लगातार मानसिक एवं शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा।

पीड़ित परिवार का आरोप है कि महाराष्ट्र के मीरा-भायंदर क्षेत्र में रहने के दौरान पति परमेश्वर पाल ने अपनी पत्नी की हत्या कर उसे आत्महत्या का रूप देने के उद्देश्य से फंदे पर लटका दिया। घटना की सूचना मिलने के बाद परिजनों में शोक और आक्रोश फैल गया। मामले में महाराष्ट्र के काशीगांव थाने में एफआईआर दर्ज की गई है तथा पुलिस द्वारा मामले की जांच की जा रही है। ग्राम पंचायत युवा टीम मांडा के अध्यक्ष अमित पाण्डेय रफ्तार पीड़ित परिवार के साथ मांडा से हंडिया थाने पहुंचे। उन्होंने पुलिस की मौजूदगी में ससुराल पक्ष के लोगों को थाने बुलवाकर समझाने का प्रयास किया, ताकि वे अपनी सामाजिक एवं नैतिक जिम्मेदारी निभाते हुए अंतिम संस्कार में शामिल हों, लेकिन काफी समझाने के बावजूद ससुराल पक्ष मिट्टी लेने और अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए तैयार नहीं हुआ। अमित पाण्डेय रफ्तार ने कहा कि विवाह में लाखों रुपये खर्च करने और बेटी को सम्मानपूर्वक विदा करने के बावजूद यदि दहेज की अतिरिक्त मांग पूरी न होने पर किसी बेटी की जान चली जाए, तो यह समाज के लिए अत्यंत चिंताजनक और निंदनीय विषय है। ससुराल पक्ष के अंतिम संस्कार में शामिल न होने पर मृतका के पिता ने ही तो अपनी पुत्री का अंतिम संस्कार किया।

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