घटिया सोलर सिस्टम लगाने पर कंपनी पर जुर्माना
उपभोक्ता आयोग ने लगाया 50 हजार क्षतिपूर्ति और 10 हजार वाद व्ययघटिया सोलर सिस्टम लगाने पर पर जुर्मानाघटिया सोलर सिस्टम लगाने पर पर जुर्मानाघटिया सोलर

प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत उपभोक्ता को घटिया गुणवत्ता का सोलर सिस्टम लगाने के मामले में जिला उपभोक्ता आयोग ने कड़ा रुख अपनाया है। आयोग ने संबंधित कंपनी को 45 दिन के भीतर सोलर सिस्टम को मानकों के अनुरूप बदलने और उपभोक्ता को क्षतिपूर्ति व वाद व्यय की धनराशि देने के आदेश दिए हैं। जिला उपभोक्ता आयोग के जन सूचना अधिकारी शेखर वर्मा ने बताया कि जीवन गीत कॉलोनी-गिझौरी निवासी राज सिंह ने 21 जून 2025 को अपने मकान पर सोलर प्लांट लगवाने के लिए प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत आवेदन किया था। यूपीनेडा और विद्युत विभाग की स्वीकृति के बाद अधिकृत वेंडर इलेक्ट्रिक बी. प्राइवेट लिमिटेड, गाजियाबाद को सोलर सिस्टम लगाने के लिए चुना गया।
इसके लिए राज सिंह ने बैंक से ऋण लेकर कंपनी को करीब 2.30 लाख रुपये का भुगतान किया। कंपनी ने 5 सितंबर 2025 को उनके मकान पर सोलर प्लांट लगाया। आरोप है कि लगाया गया ढांचा और सोलर सिस्टम निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं था। कुछ ही समय में ढांचे में जंग लगने लगी और वह कमजोर होकर मुड़ गया। शिकायत के बावजूद कंपनी की ओर से समस्या का उचित समाधान नहीं किया गया। मामले की सुनवाई जिला उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष/न्यायाधीश हरसनैन कुरैशी एवं महिला सदस्य नीलम कुमारी ने की। आयोग ने साक्ष्यों के आधार पर कंपनी की सेवा में कमी और अनुचित व्यापार व्यवहार माना। आयोग ने आदेश दिया कि 45 दिन के भीतर राज सिंह के यहां नया और गुणवत्तापूर्ण सोलर सिस्टम लगाया जाए। पुराने ढांचे को हटाकर मजबूत गैल्वनाइज्ड ढांचा लगाने, 16 सोलर पैनल लगाने तथा वायरिंग को सही तरीके से कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही खराब इन्वर्टर को हटाकर उच्च गुणवत्ता का नया इन्वर्टर लगाने का भी आदेश दिया गया है। इसके अलावा कंपनी को राज सिंह द्वारा बैंक ऋण के मद में अब तक अदा किए गए ब्याज की भरपाई करते हुए 50 हजार एकमुश्त क्षतिपूर्ति और 10 हजार वाद व्यय के रूप में देने के निर्देश दिए गए हैं। निर्धारित अवधि में भुगतान नहीं करने पर आदेशित धनराशि पर 7 प्रतिशत वार्षिक ब्याज भी देय होगा।


