बाढ़ राहत सूची में छूटे पीड़ितों का नाम जोड़ने की मांग

हिन्दुस्तान, आरा
Follow us on Google News
share

बड़हरा के जदयू अध्यक्ष दुर्गा कुमार पटेल ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखा है जिसमें बाढ़ प्रभावित परिवारों को राहत देने और पीड़ितों का नाम राहत सूची में जोड़ने की मांग की गई है। उन्होंने किसानों को फसल क्षति का मुआवजा देने की भी जरूरत बताई है।

बाढ़ राहत सूची में छूटे पीड़ितों का नाम जोड़ने की मांग

बड़हरा, संवाद सूत्र। बाढ़ से प्रभावित परिवारों को राहत दिलाने की मांग को लेकर जदयू के बड़हरा प्रखंड अध्यक्ष दुर्गा कुमार पटेल ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजा है। उन्होंने बाढ़ राहत सूची में छूटे पात्र पीड़ितों का नाम जोड़ने, उन्हें एकमुश्त सहायता राशि उपलब्ध कराने के साथ किसानों को फसल क्षति का मुआवजा देने की मांग की है।

बाढ़ की स्थिति

मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में प्रखंड अध्यक्ष ने कहा है कि बड़हरा प्रखंड में बाढ़ के बाद कई पंचायतों के गांवों में गंभीर स्थिति उत्पन्न हुई। प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने के दौरान उन्हें कई गरीब और जरूरतमंद परिवार मिले, जिनका नाम बाढ़ राहत सूची में शामिल नहीं किया गया है। ऐसे परिवार सरकारी राहत से वंचित हैं। उन्होंने पात्र परिवारों का सर्वे कराकर उनका नाम राहत सूची में जोड़ने और तत्काल सहायता राशि दिलाने की मांग की।

कृषि में नुकसान

उन्होंने यह भी कहा कि बाढ़ के कारण कई किसानों की धान, मक्का सहित अन्य फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं। इससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है। ऐसे में प्रभावित किसानों को फसल क्षति का उचित मुआवजा उपलब्ध कराया जाना जरूरी है। पत्र में प्रखंड अध्यक्ष ने कहा कि बाढ़ प्रभावित लोगों की स्थिति को देखते हुए प्रशासनिक स्तर पर विशेष पहल की आवश्यकता है। उन्होंने मुख्यमंत्री से गरीब, जरूरतमंद बाढ़ पीड़ितों और किसानों के हित में त्वरित कार्रवाई करने का आग्रह किया है। पत्र की प्रतिलिपि डीएम समेत जिले के अन्य अधिकारियों को भी दी गई है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

✦बड़हरा प्रखंड अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री से क्या मांग की है?−
बड़हरा प्रखंड अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री से बाढ़ प्रभावित परिवारों को राहत दिलाने, पात्र पीड़ितों का नाम राहत सूची में जोड़ने, सहायता राशि उपलब्ध कराने और किसानों को फसल क्षति का मुआवजा देने की मांग की है।
Hindustan | Bureau

लेखक के बारे में

Hindustan | Bureau

हिन्दुस्तान भारत का एक प्रतिष्ठित हिंदी समाचार-पत्र है, जिसकी स्थापना 1936 में महामना पंडित मदन मोहन मालवीय ने की थी। स्वतंत्रता आंदोलन की विरासत को समेटे यह प्रकाशन आज भारत के सर्वाधिक पढ़े जाने वाले हिंदी समाचार-पत्रों में दूसरे स्थान पर है। WAN-IFRA के अनुसार, 2016 में 'हिन्दुस्तान' विश्व के शीर्ष 13 सर्वाधिक प्रसारित अखबारों में शामिल था। हर रोज 5 राज्‍यों सह‍ित देश की राजधानी द‍िल्‍ली और एनसीआर (नोएडा, गाज‍ियाबाद, गुरुग्राम) में 23 संस्‍करण प्रकाश‍ित होते हैं। ‘पाठक सर्वोपर‍ि’ हिन्दुस्तान की संपादकीय नीति है। समय पर, शोध और गहन खोजबीन के बाद व‍िस्‍तार से न्‍यूज र‍िपोर्ट प्रकाश‍ित की जाती है। हर खबर में सभी पक्षों और दृष्टिकोणों को संतुलित रूप से पेश किया जाता है।

और पढ़ें
Hindi News , इंडिया न्यूज़ , आज का मौसम , विधानसभा चुनाव और Navratri 2026 से जुड़ी ताज़ा खबरों व पल-पल के अपडेट के लिए लाइव हिन्दुस्तान के साथ जुड़े रहें। UP Chunav 2027 , UP Vidhan Sabha Seats और UP Vidhan Sabha Candidates से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण खबरें और जानकारी यहां पढ़ें। सभी बड़ी खबरें सबसे पहले पाने के लिए लाइव हिन्दुस्तान ऐप अभी डाउनलोड करें।
Hindi NewsIndia Newsबाढ़ राहत सूची में छूटे पीड़ितों का नाम जोड़ने की मांग