बिजली का बिल बढ़ा देगा झटका, 8 फीसदी तक बढ़ा पीपीएसी शुल्क

हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
Follow us on Google News
share

दिल्ली में बिजली के बिल में एक बार फिर वृद्धि होने वाली है। जून माह के लिए डीईआरसी ने बिजली खरीद समायोजन लागत (पीपीएसी) की बढ़ोत्तरी को मंजूरी दी है, जिसके चलते बिजली कंपनियां ग्राहकों से 7 से 8 फीसदी अतिरिक्त पीपीएसी लेंगी। बीएसईएस और टाटा पावर जैसे कंपनियों ने बढ़ाने की मांग की थी।

 बिजली का बिल बढ़ा देगा झटका, 8 फीसदी तक बढ़ा पीपीएसी शुल्क

नई दिल्ली प्रमुख संवाददाता राजधानी में बिजली का बिल एक बार फिर झटका देने वाला है। जून माह के लिए बिल में बिजली खरीद समायोजन लागत (पीपीएसी) की बढ़ोत्तरी को डीईआरसी (दिल्ली विद्युत नियामक आयोग) ने मंजूरी दे दी है। इसके चलते दिल्ली की बिजली कंपनियां आने वाले बिल में ग्राहकों से अतिरिक्त 7 से 8 फीसदी पीपीपएसी लेंगी। कंपनियों ने मौजूदा पीपीएसी को बढ़ाकर 23 से 31 फीसदी तक किए जाने की मांग डीईआरसी के समक्ष रखी थी।

बिजली बिल में वृद्धि के कारण

जानकारी के अनुसार पहले प्रत्येक तीन माह में पीपीएसी को लेकर डीईआरसी समीक्षा करती थी। लेकिन अब इसमें बदलाव कर प्रत्येक माह पीपीएसी को लेकर समीक्षा होती है। बीते जुलाई माह में तीनों प्रमुख बिजली कंपनियों ने डीईआरसी के समक्ष प्रस्ताव देकर बताया कि बिजली की खरीद पर उन्हें अतिरिक्त शुल्क चुकाना पड़ रहा है। इसलिए पीपीएसी को बढ़ाने की अनुमति दी जाए। बीएसईएस राजधानी ने पीपएसी शुल्क 31.64 फीसदी, बीएसईएस यमुना ने पीपीएसी शुल्क 24.02 फीसदी एवं टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड ने शुल्क 23.71 फीसदी करने की मांग डीईआरसी के समक्ष रखी थी।

डीईआरसी द्वारा मंजूरी

इस पर विचार करने के बाद डीईआरसी ने बीएसईएस राजधानी को 7.94 फीसदी, बीएसईएस यमुना को 7.43 फीसदी जबकि टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रिब्यूशन लिमिटेड को 8.50 फीसदी पीपीएसी बढ़ाने की मंजूरी दे दी है। इस वृद्धि के बाद बीएसईएस राजधानी के बिल में 17.94 फीसदी, बीएसईएस यमुना के बिल में 17.43 फीसदी जबकि टाटा पावर के बिल में 18.50 फीसदी पीपीएसी अगले बिल में लगकर आएगा। सूत्रों का कहना है कि इस बढ़ोत्तरी की वजह से प्रत्येक बिल पर 25 से 60 रुपये तक की बढ़ोत्तरी देखने को मिल सकती है। केवल 200 यूनिट तक बिजली इस्तेमाल करने वालों पर इस निर्णय का बोझ नहीं पड़ेगा। उनका बिल शून्य आने के चलते उस पर पीपीएसी नहीं लगता है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बिजली खरीद समायोजन लागत (पीपीएसी) में कितनी बढ़ोत्तरी की गई है?
बिजली खरीद समायोजन लागत (पीपीएसी) में 7 से 8 फीसदी की बढ़ोत्तरी की गई है।
Hindustan | Bureau

लेखक के बारे में

Hindustan | Bureau

हिन्दुस्तान भारत का एक प्रतिष्ठित हिंदी समाचार-पत्र है, जिसकी स्थापना 1936 में महामना पंडित मदन मोहन मालवीय ने की थी। स्वतंत्रता आंदोलन की विरासत को समेटे यह प्रकाशन आज भारत के सर्वाधिक पढ़े जाने वाले हिंदी समाचार-पत्रों में दूसरे स्थान पर है। WAN-IFRA के अनुसार, 2016 में 'हिन्दुस्तान' विश्व के शीर्ष 13 सर्वाधिक प्रसारित अखबारों में शामिल था। हर रोज 5 राज्‍यों सह‍ित देश की राजधानी द‍िल्‍ली और एनसीआर (नोएडा, गाज‍ियाबाद, गुरुग्राम) में 23 संस्‍करण प्रकाश‍ित होते हैं। ‘पाठक सर्वोपर‍ि’ हिन्दुस्तान की संपादकीय नीति है। समय पर, शोध और गहन खोजबीन के बाद व‍िस्‍तार से न्‍यूज र‍िपोर्ट प्रकाश‍ित की जाती है। हर खबर में सभी पक्षों और दृष्टिकोणों को संतुलित रूप से पेश किया जाता है।

और पढ़ें
Hindi News , इंडिया न्यूज़ , आज का मौसम , विधानसभा चुनाव और Sawan 2026 से जुड़ी ताज़ा खबरों व पल-पल के अपडेट के लिए लाइव हिन्दुस्तान के साथ जुड़े रहें। UP Chunav 2027 , UP Vidhan Sabha Seats और UP Vidhan Sabha Candisates से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण खबरें और जानकारी यहां पढ़ें। सभी बड़ी खबरें सबसे पहले पाने के लिए लाइव हिन्दुस्तान ऐप अभी डाउनलोड करें।
Hindi NewsIndia Newsबिजली का बिल बढ़ा देगा झटका, 8 फीसदी तक बढ़ा पीपीएसी शुल्क