Delhi News: ऑपरेशन चक्र में 30 शातिर वाहन चोर गिरफ्तार
Delhi News: नई दिल्ली। द्वारका पुलिस ने 72 घंटे के ऑपरेशन चक्र में 30 वाहन चोरों को गिरफ्तार कर 64 चोरी की गाड़ियां बरामद की हैं। यह अभियान आदतन चोरो की पहचान पर केंद्रित था। पुलिस ने लावारिस पार्किंग स्थलों से 36 वाहन बरामद किए और 23 वाहन आदतन अपराधियों के पास से जब्त किए।

Delhi News: नई दिल्ली। द्वारका पुलिस ने 72 घंटे के ऑपरेशन चक्र में वाहनों की चेकिंग व जांच करते हुए 30 शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार कर उनके पास से 64 चोरी की गाड़ियां बरामद की हैं। द्वारका डीसीपी कुशल पाल सिंह ने बताया कि इस अभियान का मुख्य फोकस आदतन वाहन चोरों, रिसीवरों और बार-बार अपराध करने वाले अपराधियों की पहचान कर उन पर शिकंजा कसना था। जिले की एएटीएस ने खुफिया जानकारी, सर्विलांस, सीसीटीवी व एएनपीआर कैमरों की मॉनिटरिंग और जिले में सख्त पिकेट चेकिंग करते हुए वाहनचोरों के नेटवर्क को ध्वस्त किया। पुलिस की महज 72 घंटों की कार्रवाई में अभियान के तहत 30 वाहनचोरों को गिरफ्तार किया गया। इनकी निशानदेही पर पुलिस ने कुल 64 गाड़ियां बरामद की हैं, जिनमें 61 दोपहिया और 03 कारें शामिल हैं। पकड़े गए आरोपियों में 17 आदतन अपराधी और इलाके के चार घोषित बदमाश भी शामिल हैं।
वाहनों की बरामदगी
36 वाहन लावारिस हालत में पार्किंग स्थलों से हुई बरामद
पुलिस की रणनीति
पुलिस अधिकारी ने बताया कि द्वारका पुलिस ने एक सुनियोजित रणनीति के तहत चोरी की गाड़ियों को छिपाने के संदिग्ध ठिकानों पर रेड की। आंकड़ों के मुताबिक, सबसे अधिक 36 वाहन चिन्हित और संदिग्ध पार्किंग स्थलों से लावारिस हालत में बरामद किए गए। इसके अलावा 23 वाहन आदतन अपराधियों के पास से जब्त किए गए, 3 वाहन पिकेट चेकिंग के दौरान पकड़े गए, जबकि 2 चोरी के वाहनों को हाई-टेक एएनपीआर कैमरों के अलर्ट की मदद से इंटरसेप्ट किया गया।
पूछे जाने वाले प्रश्न
लेखक के बारे में
Rajneesh Kumar Pandeyशॉर्ट बायो: रजनीश कुमार पाण्डेय पिछले करीब पांच वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। वर्तमान में 'हिन्दुस्तान समाचार पत्र' में क्राइम टीम का हिस्सा हैं और दिल्ली में क्राइम रिपोर्टर के रूप में काम कर रहे हैं।
परिचय एवं अनुभव
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में पिछले करीब पांच वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हूं। अपराध संवाददाता के रूप में काम करते हुए दिल्ली में अपराध, दिल्ली पुलिस, साइबर फ्रॉड, डिजिटल अरेस्ट व अन्य मुद्दों की कवरेज करते हुए हिंदुस्तान समाचार पत्र में कार्यालय संवाददाता के रूप में अपनी सेवाएं दे रहा हूं। व्यक्तिगत तौर पर काव्य लेखन व वाचन, संगीत व गायन, कला व कौतुक, रहस्य व अपराध आधारित सिनेमा में विशेष रुचि रखने के साथ ऐतिहासिक, पौराणिक व नये स्थानों के भ्रमण का शौक है।
करियर का सफर
साल 2021 से दिल्ली में पत्रकारिता का सफर शुरू हुआ। कुछ महीने न्यूज नेशन और फिर करीब दो साल दो महीने 2023 तक दैनिक जागरण के दक्षिणी दिल्ली ब्यूरो में काम करते हुए अपराध के बड़े मामले जैसे- श्रद्धा वाल्कर हत्याकांड की क्राइम, कोर्ट व ग्राउंड जीरो समेत 360 डिग्री कवरेज की। जी-20 सम्मेलन, आजादी को 75 वर्ष पूरे होने पर अमृतकाल के कार्यक्रमों में भी पूरी सक्रियता से भाग लेते हुए सुरक्षा व व्यवस्थाओं को लेकर स्टोरी की। लोकसभा, विधानसभा, एमसीडी व अन्य चुनावों की कवरेज का अनुभव भी है। दिल्ली पुलिस व जिला न्यायालय की सामान्य कवरेज के अलावा डीडीए, एमसीडी, पीडब्ल्यूडी और जिला प्रशासन व सिविक एजेंसियों से जुड़े आम लोगों की समस्याओं व मुद्दों को उठाते हुए ग्राउंड जीरो से विस्तृत कवरेज का अनुभव है। इसके बाद 2023 के अंत तक हिंदुस्तान अखबार में क्राइम रिपोर्टर के रूप में सेवाएं देनी शुरू की। लाल किला धमाका 2025, दिल्ली के दयालपुर में इमारत ढहने से 11 की मौत, वेलकम में सात की मौत, दक्षिणी दिल्ली के जैतपुर में दीवार गिरने से सात लोगों की मौत, फॉल्कन ग्रुप धोखाधड़ी और चाणक्य एकेडमी के धोखाधड़ी जैसे प्रमुख मामलों की ग्राउंड रिपोर्टिंग की है।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
दिल्ली विश्वविद्यालय के साउथ कैंपस स्थित आचार्य नरेंद्र देव कॉलेज से जीव विज्ञान में स्नातक (ऑनर्स) के बाद अयोध्या स्थित डॉ राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय परिसर से जनसंचार व पत्रकारिता में परास्नातक किया। उनकी विज्ञान पृष्ठभूमि की शिक्षा और पत्रकारिता व लेखन में रुचि का संयोजन उन्हें अपराध रिपोर्टिंग के साथ ही मेडिकल, रिसर्च व नवाचारों संबंधी स्टोरी इत्यादि करने में सक्षम बनाता है। वह अपराध रिपोर्टिंग में भी नवाचार व तकनीकि का इस्तेमाल करके बेहद आसान व सरल ढंग से आम आदमी को जागरूक करने की कोशिश करते हैं।
विजन
रजनीश का मानना है कि अपराधी व अपराध पीड़ितों के मानवीय भावनाओं और अपराध के कारण को समझकर लिखी गई उनकी खबर व स्टोरी की मदद से वह सैकड़ों लोगों को अपराध का शिकार होने से बचा सकते हैं। लोगों को जागरूक करने व अपराधों से शिकार होने से बचाने के लिए वे लगातार अनोखे व अलग तरह के साइबर अपराधों व आम लोगों से जुड़े अन्य अपराधों पर स्टोरी करते रहते हैं।
विशेषज्ञता
अपराध व कानून, साइबर अपराध, नये व अनोखे साइबर हैक पर स्टोरी करना
अपराधी व पीड़ित के मानवीय भावनाओं को लेकर स्टोरी करना, बड़े हादसों व वारदातों की ग्राउंड रिपोर्टिंग


