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बंगाल में तूफान रेमल की दस्तक से पहले अलर्ट, सुरक्षित जगहों पर भेजे गए 1 लाख लोग; NDRF तैनात

राज्य सरकार ने 5.40 लाख तिरपाल वितरित किए हैं। इन जिलों में सूखा राशन, पाउडर दूध और पीने के पानी के पाउच की उपलब्धता सुनिश्चित की है, जिससे आसन्न संकट के लिए तैयारी सुनिश्चित हो सके।

बंगाल में तूफान रेमल की दस्तक से पहले अलर्ट, सुरक्षित जगहों पर भेजे गए 1 लाख लोग; NDRF तैनात
Niteesh Kumarभाषा,कोलकाताSun, 26 May 2024 10:08 PM
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पश्चिम बंगाल सरकार ने गंभीर चक्रवात रेमल के आसन्न प्रभाव से निपटने के लिए एहतियाती उपाय तेज कर दिए हैं। इसके तहत, सुंदरबन और सागर द्वीप सहित तटीय क्षेत्रों से लगभग 1.10 लाख लोगों को निकालकर सुरक्षित आश्रयों तक पहुंचाया जा रहा है। यह जानकारी सीनियर अधिकारी ने रविवार को दी। उन्होंने बताया कि इन प्रयासों में तेजी लाने के लिए राज्य आपदा प्रबंधन और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की 16-16 बटालियन को तटीय क्षेत्रों में तैनात किया गया है। अधिकारी ने बताया, 'तटीय क्षेत्रों से 1.10 लाख लोगों को सुरक्षित आश्रयों में स्थानांतरित करने पर ध्यान केंद्रित किया गया है। इन लोगों में से एक बड़ी संख्या दक्षिण 24 परगना जिले विशेष रूप से सागर द्वीप सुंदरबन और काकद्वीप से है।'

इसके अलावा, राज्य सरकार ने लगभग 5.40 लाख तिरपाल वितरित किए हैं। इन जिलों में सूखा राशन, पाउडर दूध और पीने के पानी के पाउच की उपलब्धता सुनिश्चित की है, जिससे आसन्न संकट के लिए तैयारी सुनिश्चित हो सके। अधिकारी ने कहा कि हमारे जिला प्रबंधन दल पूरी तरह से सक्रिय हैं और उभरती स्थिति से निपटने के लिए चौबीस घंटे काम कर रही हैं। स्थिति पर बारीकी से नजर रखने के लिए राज्य सचिवालय में केंद्रीकृत नियंत्रण इकाई स्थापित की गई है। मौसम विभाग के अनुसार, रेमल गंभीर चक्रवाती तूफान में बदल गया है। रविवार आधी रात तक बांग्लादेश और आसपास के पश्चिम बंगाल तटों के बीच टकराने की ओर अग्रसर है। इसके प्रभाव में 110-120 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। 

तटीय जिलों में भारी वर्षा होने की संभावना 
चक्रवात के चलते तटीय जिलों में भारी वर्षा होने की संभावना है, जबकि कोलकाता और इसके आसपास भारी वर्षा हो सकती है। तटीय क्षेत्रों, विशेषकर दीघा, शंकरपुर और ताजपुर में अधिकारियों ने परामर्श जारी करके पर्यटकों से होटल खाली करने और एहतियात के तौर पर समुद्र में जाने से परहेज करने का आग्रह किया है। अधिकारी ने कहा, 'हमने इन लोकप्रिय समुद्री तट स्थलों पर NDRF की टीमों के साथ अपनी राज्य और जिला आपदा इकाइयों को तैनात किया है। अधिकांश होटलों को खाली करा लिया गया है और समुद्र तक पहुंच प्रतिबंधित कर दी गई है। व्यापक व्यवस्थाएं की गई हैं।'

चिंता व्यक्त करते हुए, कोलकाता के मेयर फिरहाद हकीम ने आसन्न चक्रवात की तैयारियों का आकलन करने के लिए दोपहर में अधिकारियों के साथ बैठक बुलाई। उन्होंने कहा कि चक्रवात के बाद के परिदृश्यों से निपटने के लिए लगभग 15,000 निकाय कर्मचारियों को तैनात किया गया है। हकीम ने पूरी रात सतर्क रहने और स्थिति पर व्यक्तिगत रूप से नजर रखने की प्रतिबद्धता जताई। कोलकाता पुलिस ने अपने नागरिकों के लिए दो हेल्पलाइन नंबर की भी घोषणा की है।