युवक ने रुपयों के लालच में साइबर ठगों को बेचा बैंक खाता
गुजरात में साइबर ठगी की एक घटना में करथला गांव के युवक का म्यूल बैंक खाता इस्तेमाल हुआ। युवक ने अमेजन कंपनी में काम करते हुए तीन हजार रुपये प्रतिमाह के लालच में अपना खाता एक अज्ञात व्यक्ति को दिया था। इस खाता का इस्तेमाल गुजरात में दो साइबर ठगी की रकम के लेनदेन के लिए किया गया था।

n गुजरात में दो स्थानों पर हुई ठगी की रकम आई थी म्यूल खाते में इगलास, संवाददाता। गुजरात में हुई साइबर ठगी में करथला गांव के युवक का म्यूल बैंक अकाउंट इस्तेमाल किया गया था। पुलिस ने जांच के बाद उक्त गांव के युवक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। डीआईजी के आदेश पर हुई साइबर सेल की जांच में सामने आया कि गुरुग्राम में अमेजन जैसी प्रतिष्ठित कंपनी में काम कर रहे युवक ने तीन हजार रुपये प्रतिमाह के लालच में अपना बैंक खाता एक अज्ञात व्यक्ति को उपयोग के लिए दे दिया था। इसी खाते के माध्यम से गुजरात में हुई दो साइबर ठगी की रकम का लेनदेन किया गया।बताया
गया है कि गांव करथला निवासी मिथुन कुमार पुत्र रामबाबू के संदिग्ध बैंक लेनदेन के दौरान इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक खाते की जांच की गई। जांच में पता चला कि खाताधारक वर्तमान में गुरुग्राम (हरियाणा) स्थित अमेजन कंपनी में कार्यरत है। फोन और वीडियो कॉल पर पूछताछ में मिथुन कुमार ने स्वीकार किया कि अपना बैंक खाता उसने स्वयं खुलवाया था। तीन हजार प्रतिमाह मिलने के लालच में एक अज्ञात व्यक्ति को उपयोग के लिए दे दिया। जांच के दौरान समन्वय पोर्टल एवं राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर खाते का सत्यापन किया गया। इसमें गुजरात के दो साइबर फ्राड मामलों से खाते का संबंध मिला। पहला मामला गुजरात के मोरबी सिटी बी डिवीजन थाने का है, जिसमें पीड़ित से ठगे गए 87 हजार रुपये इसी खाते में आए थे। दूसरा मामला अहमदाबाद के चांदखेड़ा थाना क्षेत्र का है, जिसमें साइबर ठगी की 1,02780 रकम में से दो हजार रुपये उक्त खाते में स्थानांतरित किए गए थे। आरोपित ने आर्थिक लाभ के लिए अपना बैंक खाता दूसरे व्यक्ति को उपलब्ध कराया, जिसमें साइबर अपराध की धनराशि का लेनदेन हुआ। इसे म्यूल बैंक अकाउंट की श्रेणी में माना जाता है। इस संबंध में कोतवाली इगलास में साइबर सेल के उपनिरीक्षक दीपक कुमार ने प्राथमिकी दर्ज कराई है। विवेचना उपरांत जो तथ्य प्रकाश में आयेंगे उसके आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।


