Etah News: तीनों फर्मो के लाइसेंस उत्तर प्रदेश में होंगे निलंबित, जारी हुआ आदेश
Etah News: डीएम अरविंद ने मंडी शुल्क चोरी के खिलाफ कार्रवाई की है। जांच में मैसर्स विवेक एंटरप्राइजेज, श्याम जी ट्रेडर्स और माँ शारदा ट्रेडिंग कम्पनी पर कठोर दंडात्मक कार्रवाई की गई। इन फर्मों का मंडी लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। प्रशासन की प्राथमिकता किसानों और व्यापारियों के लिए निष्पक्ष व्यवस्था सुनिश्चित करना है।

Etah News: मंडी शुल्क की चोरी एवं राजस्व अपवंचन के विरुद्ध के बाद इन फर्मो को पूरे प्रदेश में काम करने की कार्रवाई की गई है। डीएम अरविंद की ओर से चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन फर्मों के विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्रवाई हुई है। डीएम ने शासन के राजस्व को क्षति पहुंचाने वाले किसी भी व्यक्ति अथवा संस्था को किसी भी दशा में बख्शा नहीं जाएगा तथा दोषियों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।
जांच में खुलासे
अब तक की जांच में पता चला कि मैसर्स विवेक एंटरप्राइजेज की ओर से पूर्व में लगभग तीन रेक तथा मैसर्स श्याम जी ट्रेडर्स की ओर से लगभग 1.5 रैक मक्का का परिवहन बिना मंडी शुल्क अदा किए तथा बिना गेटपास जारी कराए रेलवे के माध्यम से किया गया था। जांच में तीनों फर्मों को मंडी नियमों का गंभीर उल्लंघन एवं राजस्व अपवंचन पाए जाने पर उनके विरुद्ध तत्काल कार्रवाई की गई। प्रारंभिक जांच के आधार पर मैसर्स माँ शारदा ट्रेडिंग कम्पनी, मैसर्स विवेक एंटरप्राइजेज तथा मैसर्स श्याम जी ट्रेडर्स के मंडी लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिए गए हैं।
निलंबित लाइसेंस
साथ ही मैसर्स विवेक एंटरप्राइजेज (शाहजहांपुर) एवं मैसर्स श्याम जी ट्रेडर्स (दिल्ली) यूनिफाइड लाइसेंसधारी फर्में होने के कारण उनके यूनिफाइड लाइसेंस निलंबित किए जाने के लिए संबंधित पंजीकरण जारी करने वाली मंडी समितियों को भी पत्राचार कर आवश्यक कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है। इसका प्रभाव यह रहेगा कि यह फर्म उत्तर प्रदेश की अन्य मंडियों में भी कारोबार नहीं कर पायेगी,वहां भी इनका लाइसेंस निरस्त हो जाएगा। जांच उपरांत संबंधित फर्मों पर अधिरोपित मंडी शुल्क, एवं शमन शुल्क के संबंध में तकनीकी एवं विधिक विशेषज्ञों से राय लेकर मंडी शुल्क, सेस एवं समन शुल्क वसूला जाएगा।
गोलमाल की जानकारी
पांच रैक का मिल रहा गोलमाल
गल्ला मंडी से जुडे सूत्रों की मानें तो टैक्स चोरी का बड़ा खेल हुआ है। सूत्रों की पांच माल गाड़ियों के टैक्स चोरी निकलकर सामने आ रहा है। जो डेटा मिल रहा वह काफी चौकानें वाता बताया जा रहा है। एटा से 16 रैक मक्का की जाना बताया जा रहा है। जबकि कागजी लिखा कार्रवाई में 11 की ही जानकारी मिल रही है। ऐसे में पांच रैक को लेकर छानबीन चल रही है। यह रैंकें कहां से लोड होकर चली गई।
सामाजिक प्रतिक्रिया
डीएम अरविंद की ओर से की जा रही इस कार्रवाई को लेकर आम लोग सही बता रहे है। गल्ला मंडी में कुछ व्यापारियों को कहना है कि लंबे समय बाद यह कार्रवाई हो सकी है। जबकि व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने भी सराहना की है। इस तरह की टैक्स चोरी का मामला पहली बार खुलकर सामने आ रहा है। आज जनमानस की मांग है कि इस तरह की हेरफेरी करने वालों के खिलाफ कडी कार्रवाई की जानी चाहिए। इस तरह का खेल अकेले अधिकारियों के सह पर नहीं हो सकता है। इस कार्रवाई को लेकर राजनैतिक दबाव भी बनाने की बात सामने आ रही है।
प्रशासन की प्राथमिकता
मंडी की व्यवस्था में पूर्ण पारदर्शिता, शासन के राजस्व की सुरक्षा तथा किसानों एवं व्यापारियों के लिए निष्पक्ष व्यवस्था सुनिश्चित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मंडी शुल्क चोरी एवं करापवंचन के विरुद्ध यह अभियान आगे भी पूरी सख्ती के साथ निरंतर जारी रहेगा। इसके लिए सीनियर मजिस्ट्रेट को जांच सौंपी गई है, यदि जांच में अन्य किसी फर्म अथवा व्यक्ति द्वारा मंडी शुल्क चोरी, करापवंचन अथवा नियमों के उल्लंघन का मामला प्रकाश में आता है तो उसके विरुद्ध भी कठोर विधिक एवं विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।-अरविंद सिंह, डीएम एटा


