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4 जून, 2020|4:09|IST

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कोरोना: तबलीगी जमात पर कसा शिकंजा, मरकज में हवाला फंडिंग की जांच शुरू,

nizamuddin tablighi jamaat markaz

देश में कोरोना के सबसे बड़े हॉटस्पॉट के रूप में उभरे दिल्ली के निजामुद्दीन स्थित तब्लीगी जमात के मरकज मामले की जांच में जुटी क्राइम ब्रांच की टीम ने बुधवार को भी मरकज में छापेमारी की। इस बार भी छापेमारी करने पहुंची क्राइम ब्रांच हाजमत सूट पहनकर ही मकरज के अंदर दाखिल हुई। जांच टीम मरकज में हवाला फंडिंग को लेकर भी तफ्तीश कर रही है। इसके लिए पुलिस कुछ संगठनों और लोगों की भूमिका की जांच भी कर रही है।

माना जा रहा है कि फंडिंग और हवाला कनेक्शन की जांच के लिए ही क्राइम ब्रांच ने मरकज की पिछले 3 साल की इनकम टैक्स की डिटेल, पैन कार्ड नंबर, बैंक अकाउंट की डिटेल और बैंक स्टेटमेंट की डिटेल मांगी है। एक जनवरी 2019 से अब तक मरकज में हुए सभी धार्मिक आयोजन और उस दौरान हुए खर्चे का ब्योरा भी मांगा गया है। सुबह करीब 12:30 बजे मरकज पहुंची क्राइम ब्रांच की टीम ने करीब ढाई घंटे तक अंदर पूरी गहनता के साथ जांच-पड़ताल की।

2005 से हवाला कनेक्शन का शक: क्राइम ब्रांच सूत्रों की मानें तो मरकज मामले की जांच में हवाला कनेक्शन के जरिये पैसों का लेन-देन करने की बात सामने आ रही है। हालांकि पुलिस के पास अभी पुख्ता साक्ष्य तो हाथ नहीं लगे हैं, लेकिन जांच जारी है। इसके लिए पुलिस मरकज का आर्थिक प्रबंधन देखने वाली यूनिट की गतिविधियों की गहनता के साथ जांच कर रही है। सूत्रों की माने तो साल 2005 के बाद से मरकज में हवाला के जरिए रकम आने की बात का पता चल रहा है, जिसकी जांच की जा रही है। क्राइम ब्रांच का कहना है कि जांच के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि मामला क्या है।
 
वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी कराई:
छापेमारी के दौरान क्राइम ब्रांच ने वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी कराई। इस दौरान मरकज में रखे दस्तावेज की जांच की गई और मौके से कई दस्तावेजों बरामद भी किए गए। जांच से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि अभी पुलिस केवल उन लोगों के बारे में पता लगाकर सूची तैयार कर रही है, जो एक मार्च से 28 मार्च तक तब्लीगी मरकज में ठहरे थे या उनके संपर्क में आए। इसके लिए पुलिस ने दिल्ली के सभी सरकारी अस्पतालों के अलावा एफआरआरओ, मरकज के प्रबंधन से जुड़े लोगों, जिलाधिकारी, एसडीएम और स्वास्थ्य विभाग को पत्र भेज डेटा उपलब्ध कराने की मांग की है।
 
क्वारंटाइन की बात कर नहीं दिया था जवाब: माना जा रहा है कि क्राइम ब्रांच की टीम ने यह छापेमारी इसलिए कि है क्योंकि तब्लीगी जमात के मरकज में हुई लापरवाही उजागर होने के बाद से अंडरग्राउंड चल रहे मुख्य आरोपी मौलाना साद क्वारंटाइन में होने की बात कह सवालों का जवाब देने से इंकार कर दिया था। दरअसल क्राइम की नोटिस पर उसने लिखित में यह कहा कि मैं सेल्फ क्वारंटाइन में हूं। आइसोलेशन के निकलने के बाद सारे सवालों के जवाब दूंगा। साथ ही उसने यह भी कहा कि मरकज सील है, सारे दस्तावेज वहीं रखे हैं। ऐसे में जब मरकज खुलेगा, तभी इन सवालों के के जवाब दिए जा सकेंगे।

मौलाना साद से 26 सवालों के जवाब मांगे गए थे: देश में सबसे बड़े कोरोना वायरस हॉटस्पॉट के रूप में उभरे दिल्ली के निजामुद्दीन स्थित तब्लीगी जमात के मरकज में हुई बडी लापरवाही के मुख्य आरोपी मौलाना साद और प्रबंधन से जुड़े पदाधिकारियों से क्राइम ब्रांच ने सवाल पूछे हैं। मौलाना साद के नाम से जारी नोटिस में 26 सवालों का जवाब पूरे विवरण के साथ मांगा है। संगठन के रजिस्ट्रेशन से लेकर उससे जुड़ी कई गतिविधियों से जुड़ी जानकारियां शामिल हैं।

मौलाना साद से फिलहाल पूछताछ संभव नहीं:
निजामुद्दीन स्थित तबलीगी जमात के कोरोना संक्रमण को लेकर बरती गई बडी लापरवाही का खुलासा होने के बाद नामदज किए गए मरकज प्रमुख मौलाना साद समेत प्रबंधन से जुड़े कुल लोग दिल्ली में ही अपने-अपने घरों में होम क्वारंटाइन है। मामले की जांच में जुटी क्राइम ब्रांच सूत्रों की मानें तो कोई फरार नहीं हुआ है। ऐसे में मौलाना साद से फिलहाल पूछताछ संभव नहीं है।

जाकिर नगर में है साद : क्राइम ब्रांच सूत्रों के मुताबिक, मौलाना साद दिल्ली के जाकिर नगर में स्थित अपने घर में क्वारांटाइन है। हालांकि दिल्ली पुलिस के सूत्रों ने बताया कि मौलाना साद से अभी पूछताछ नहीं कर सकती है। दरअसल, जमात से जुड़े अधिकतर लोगों में जिस तरह से कोरोना की पुष्टि हुई है, उससे यह भी आशंका है कि मौलाना साद भी कोरोना की चपेट में न आ गया हो। इसलिए एहतियातन क्राइम ब्रांच अभी मौलाना साद के क्वारनटीन अवधि के पूरा होने का इंतजार कर रही है।

मरकज में नहीं है कोई भी सीसीटीवी कैमरा: क्राइम ब्रांच का कहना है कि मरकज में सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे हैं।वहीं मरकज के बाहर लगे सीसीटीवी भी बंद है। इसलिए पुलिस ने मरकज के आसपास के इलाके में लगे अन्य कुछ अन्य सीसीटीवी को खंगाल रही है।
 
क्राइम ब्रांच ने अब तक 11 लोगों से पूछताछ की:
क्राइम ब्रांच ने मरकज से जुड़े जमात के 11 लोगों से पूछताछ की है। उनके जरिए जांच से जुड़े कुछ तथ्यों का पता लगाने का प्रयास किया गया। बरामद दस्तावेजों से जुड़ी जानकारी के बारे में पूछताछ की गई। मरकज आने वाले लोगों की एंट्री के काम से जुड़े कर्मियों का ब्योरा भी लिया गया है। दरअसल पुलिस को शक है कि एंट्री से जुड़े कुछ दस्तावेज मिसिंग हैं। इसके अलावा कुछ महत्वपूर्ण जानकारी को लेकर क्रॉसचेक करना चाहती है।

एफआईआर में साद समेत सात के नाम : दिल्ली के निजामुद्दीन स्थित तब्लीगी जमात के मरकज में हुई इस बडी लापरवाही की जांच क्राइम बांच की टीम कर रही है। एफआईआर मौलाना साद समेत प्रबंधन से जुड़े कुल सात लोगों के नाम को शामिल किया गया है। यह एफआईआर निजामुद्दीन थाने के एसएचओ मुकेश वालिया की शिकायत पर की गई है। एफआईआर में मौलाना साद के अलावा डॉक्टर जीशान, मुफ़्ती शहजाद, मोहम्मद अशरफ, मुर्सलीन सैफ़ी, यूनिस, और मोहम्मद सलमान के नाम शामिल हैं।

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  • Web Title:Corona Lockdown Tablighi Jamaat Crime Branch started Investigation of hawala funding in Markaz Event