DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

मुंबई विमान हादसाः जिसने देखा उसने कहा- बच गए, जा सकती थी सैकड़ों जिंदगी

घाटकोपर में हुए विमान हादसे के बाद चारों ओर फैला मलबा(Vijayanand Gupta/HT Photo)

मुंबई के घाटकोपर में हुआ विमान हादसा कई जिंदगी के लिए काल बन सकता था। संयोग ही है कि सैकड़ों लोगों की जिंदगी सही सलामत है। हादसे के प्रत्यक्षदर्शियों की सांसे अटक गईं थी, उन्हें लग रहा था कि अगले ही पल उनके साथ अनिष्ट हो सकता है। 

कभी नहीं देखा ऐसा हादसा

घाटकोपर (पश्चिम) के रहने वाले जिन लोगों ने इस हादसे को होते हुए देखा उन्होंने बताया कि चार्टर्ड विमान जैसे-जैसे नीचे आ रहा था उनका डर बढ़ता जा रहा था। उन्हें डर था कि जलता हुआ विमान उनके घरों में ना क्रैश हो जाए। जिसने भी इस हादसे को देखा उसने कहा कि ऐसा हादसा कभी नहीं देखा।

पांच लोगों ने गंवाई जान

विमान ओल्ड मलिक एस्टेट, जीव दया लेन में टेलीफोन एक्सचेंज के पास निर्माण स्थल पर दुर्घटनाग्रस्त हुआ। हादसे में चार लोगों की मौत हो गई और साथ ही एक पैदल यात्री की भी मौत हो गई।

लंच टाइन ने बचा दी कई मजदूरों की जान

निर्माण स्थल के अधिकारियों ने कहा कि विमान हादसा कुछ देर पहले हुआ होता तो आज कई जिंदगी काल के गाल में समा गई होती। विमान दोपहर 1.15 बजे क्रैश हुआ, तब वहां काम कर रहे सारे मजदूर लंच पर चले गए थे। मजदूरों को तीन बजे काम पर वापस आना था। निर्माण स्थल के अधिकारी जिग्नेश पटेल ने बताया कि अगर लंचटाइम न होता तो मौत की संख्या 30 के पार होती। वहां 30 मजदूर कार्यरत थे।

घर की बालकनी से होकर गुजरा विमान

घटनास्थल से तकरीबन आधा किमी. की दूरी पर रहने वाले व्यापारी अनंत कंधोर ने कहा कि उन्हें बहुत अजीब लगा कि विमान इतना नीचे क्यों हैं। फिर जब विमान उनके घर की बालकनी से होकर गुजरा तो उन्हें लगा कि हादसा उनकी ही इमारत में हो जाएगा।

कहीं खाली स्थान तो नहीं तलाश रहा था पायलट!

घटनास्थल के करीब रहने वाले हरिभाई पटेल ने बताया कि विमान उनके इमारत के बगल से होते हुए निर्माणस्थल के बैरिकेड व पेड़ों से जाकर टकराया। हादसे को देखने के बाद उन्हें लगा कि विमान के पायलट ने निर्माणस्थल को खाली जगह समझ कर वहां लैंड करना चाहा और हादसा हो गया।

हादसे की जगह से कुछ दूरी पर थे 250 बच्चे

हादसे की जगह से चंद कदम की दूरी पर मैनेजमेंट इंस्टिट्यूट है। हादसे के वक्त इंस्टिट्यूट में कम से कम 250 छात्र क्लास ले रहे थे।

घाटकोपर की रहने वाली नैना गाला ने बताया कि जहां हादसा हुआ वहां पिछले पांच साल से निर्माण कार्य चल रहा है। फ्लाइंग जोन क्षेत्र होने के कारण प्रशासन की तरफ से इमारत की मंजिल बढ़ाने में अड़चन आ रही थी। हाल ही में क्लियरेंस मिलने के बाद इमारत का निर्माण कार्य शुरू हुआ था।

लोग देखते रहे चली गई पैदलयात्री की जान

हादसे में मृत पैदलयात्री के बारे में प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि चाहकर भी उसे नहीं बचाया जा सका। हादसे के दौरान विमान का हिस्सा यात्री को जाकर लगा, इस बीच कोई कुछ कर पाता तब तक विमान का ईंधन फैल गया और आग लग गई।

मुख्यमंत्री ने जताई संवेदना

घटनास्थन पर पहुंचे देवेंद्र फडणवीस ने घटना में मारे गए लोगों के परिवार के प्रति संवेदना जताई। बताते चलें कि हादसे के बाद विमान का ब्लैक बॉक्स मिल गया है। अभी तक हादसे का कारण सामने नहीं आ सका है। ब्लैक बॉक्स मिलने के बाद उम्मीद की जा रही है कि हादसे के कारण का जल्द पता लग जाएगा।

मुंबई के घाटकोपर में चार्टर्ड प्लेन दुर्घटनाग्रस्त, 5 लोगों की हुई मौत

बुखारी मर्डरः चार संदिग्धों की तस्वीर जारी, इनमें एक पाक का

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Close shave many Workers were out for lunch when plane crashed at Ghatkopar construction site