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CIC ने कहा- जानबूझकर कर्ज न लौटाने वालों का ब्योरा हो सार्वजनिक

प्रतीकात्मक तस्वीर।

केंद्रीय सूचना आयोग (सीआईसी) ने 50 करोड़ रुपए से अधिक के बैंक कर्ज लौटाने में जानबूझकर चूक करने वालों के खिलाफ की गई कार्रवाई का ब्योरा सार्वजनिक करने को कहा है। सीआईसी ने कहा है कि वित्त मंत्रालय, सांख्यिकी एवं कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय तथा रिजर्व बैंक को यह जानकारी सार्वजनिक करनी चाहिए। 

न्यूज एजेंसी भाषा के मुताबिक सूचना आयुक्त श्रीधर आचार्यलु ने कहा कि छोटा-मोटा कर्ज लेने वाले किसानों तथा अन्य को बदनाम किया जाता है जबकि 50 करोड़ रुपए से अधिक कर्ज लेकर उसे सही समय पर नहीं लौटाने वालों को काफी अवसर दिए जाते हैं। उन्होंने कहा कि 50 करोड़ रुपए से अधिक कर्ज लेकर नहीं लौटाने वालों को एक बारगी निपटान, ब्याज छूट तथा अन्य प्रकार के विशेषाधिकार के नाम पर कई तरह की राहत दी जाती है। साथ ही उनकी साख को बनाए रखने के लिए उनके नाम छिपाए जाते हैं। 

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सात हजार लोग हजारों करोड़ का चुना लगा बच निकले
आयोग ने कड़े आदेश में कहा है कि 1998 से 2018 के बीच 30 हजार से अधिक किसानों ने आत्महत्या की क्योंकि वे कर्ज नहीं लौटा पाने के कारण शर्मिंदगी झेल नहीं सके। आचार्युलु ने कहा, उन्होंने अपने खेतों पर जीवन बिताया और वहीं अपनी जान दे दी। लेकिन उन्होंने अपनी मातृभूमि नहीं छोड़ी। वहीं, दूसरी तरफ सात हजार धनवान, पढ़े-लिखे, शिक्षित उद्योगपति देश को हजारों करोड़ रुपये का चूना लगाकर बच निकले।

संबंधित तथ्यों को प्रकाशित करें
उन्होंने अपने आदेश में कहा कि आरटीआई कानून की धारा 4 (1) (सी) के तहत सभी सरकारी विभागों के लिए यह अनिवार्य है कि वह लोगों को प्रभावित करने वाली महत्वपूर्ण नीतियां बनाते समय या निर्णय की घोषणा करते समय सभी संबंधित तथ्यों को प्रकाशित करें। वहीं 4 (1)(डी) कहता है कि वे प्रशासनिक या अर्द्ध न्यायिक निर्णय के पीछे के कारणों के बारे में प्रभावति व्यक्तियों को बताएं।

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20 सितंबर से पहले कारण बताए जाएं
मुख्य सूचना आयुक्त ने मंत्रालयों तथा आरबीआई को 50 करोड़ रुपये या उससे अधिक कर्ज लेकर उसे जानबूझकर सही समय पर नहीं लौटाने वाले लोगों के खिलाफ की गई कार्रवाई, उनके प्रयास सफल नहीं होने के कारण, शुरू की गई आपराधिक कार्रवाई या ऐसा नहीं करने के पीछे कारणों के बारे में बताने को कहा। उन्होंने कहा, अगर वे सूचना का कोई हिस्सा नहीं देना चाहते हैं, वे 20 सितंबर 2018 से पहले यह बता सकते हैं कि आखिर वे किस कारण से जानबूझकर कर्ज नहीं लौटाने वालों के नाम समेत अन्य सूचना नहीं दे सकते।

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  • Web Title:CIC TO Finance Ministry and RBI: Disclose action taken against wilful defaulters over Rs 50 cr loans