चॉकलेट समझकर प्रतिबंधित दवा खाने से आठ स्कूली छात्र बीमार
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के सरकारी स्कूल में एक छात्र ने सहपाठियों को चॉकलेट बताकर प्रतिबंधित दवा दी, जिससे आठ बच्चे बीमार पड़ गए। एक को आईसीयू में भर्ती किया गया है। घटना की जांच शुरू हो गई है और स्कूल प्रशासन ने परिजनों को सूचित कर अस्पताल भेजा। पुलिस भी इसके स्रोत की जांच कर रही है।

दुर्ग (छत्तीसगढ़), एजेंसी। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के सरकारी स्कूल में एक छात्र द्वारा सहपाठियों को चॉकलेट बताकर प्रतिबंधित दवा देने का मामला सामने आया है। स्कूल के आठ बच्चे बीमार पड़ गए, जिनमें से एक को आईसीयू में रखा गया है। घटना की जांच शुरू कर दी गई है। शासकीय चंद्रशेखर आजाद हायर सेकेंडरी स्कूल की प्रभारी प्रधानाचार्य नलिनी वर्मा ने बताया कि घटना 16 जुलाई की है। कथित प्रतिबंधित दवा 10वीं कक्षा के एक छात्र ने अन्य छात्रों को दी थी। उनके अनुसार, दवा स्कूल परिसर के बाहर दी गई थी। स्कूल में बच्चों की तबीयत बिगड़ने के बाद ही स्कूल प्रशासन को इसकी जानकारी मिली।
बताया कि छात्रों के परिजनों को स्कूल बुलाकर उन्हें अस्पताल भेजा गया। इनमें से एक के परिजनों ने बताया कि उसे आईसीयू में रखा गया है। शेष सात में से तीन को घर भेजा जा चुका है, जबकि चार अब भी अस्पताल में हैं। उनकी हालत में सुधार है। प्रधानाचार्य के अनुसार, आरोपी छात्र ने माना कि उसने दवा सहपाठियों को दी थी। हालांकि, उसने कहा कि उसे इसके प्रतिबंधित या नशीली होने की जानकारी नहीं थी। यह अभी स्पष्ट नहीं है कि उसे यह दवा कहां से मिली। उन्होंने बताया कि शासन-प्रशासन को जानकारी दे दी गई है। उधर, पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि प्रतिबंधित दवा छात्र तक कैसे पहुंची और इसके पीछे कौन लोग शामिल हैं।


