DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

नकदी संकट : ATM की लाइन में लोग परेशान , RBI बोला- कैश की कोई किल्लत नहीं, VIDEO

ATM Dry

1 / 5ATM Dry

ATM

2 / 5ATM

ATM

3 / 5ATM

cash crunch

4 / 5cash crunch

cash crunch

5 / 5cash crunch

PreviousNext

देश में एक बार फिर नोटबंदी जैसे हालात उत्पन्न हो गए हैं। कई राज्यों में तो कैश की क्राइसिस (नकदी संकट) हो गई है। इस मुद्दे पर वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा है कि उन्होंने पूरी स्थिति की समीक्षा की है। देश में कैश की कमी नहीं है, सिर्फ कुछ जगहों पर अचानक मांग बढ़ जाने से ये दिक्कत सामने आई है। 

वित्तमंत्री ने मंगलवार को ट्वीट किया, मैंने देश की कैश समस्या की समीक्षा की है। बाजार और बैंकों में पर्याप्त मात्रा में कैश मौजूद है, जो एक दम दिक्कतें सामने आई हैं वो इसलिए है क्योंकि कुछ जगहों पर अचानक कैश की मांग बढ़ी है।

कोई कैश संकट नहीं- आरबीआई

कैश संकट पर वित्तमंत्री के बाद अब आरबीआई का भी बयान आया है। आरबीआई ने कहा है कि देश में कैश का कोई संकट नहीं है। बैंकों के पास पर्याप्त मात्रा में कैश मौजूद है। सिर्फ कुछ एटीएम में ही लोजिस्टिक समस्या के कारण ये संकट पैदा हो गया है।

आरबीआई ने कहा कि एटीएम के अलावा बैंक ब्रांच में भी भरपूर मात्रा में कैश मौजूद है। आरबीआई ने सभी बैंकों को आदेश दिया है कि वह एटीएम में कैश की व्यवस्था करे। आरबीआई ने कहा है कि मार्च-अप्रैल के दौरान इस प्रकार की समस्या आती है पिछेल साल भी ऐसा हुआ था।  ये सिर्फ एक-दो दिनों के लिए ही है 

कैश संकट पर सरकार गंभीर

अचानक आए कैश संकट पर सरकार भी सामने आई। केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री शिव प्रसाद शुक्ल ने कहा है कि जिन राज्यों में कैश की किल्लत है, वहां दूसरे राज्यों के मुकाबले कम नोट पहुंचे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार जरूरत के मुताबिक राज्यों के बीच नोटों का उचित वितरण करने की दिशा में कदम उठा रही है। 

शुक्ल ने कहा कि अभी हमारे पास 1 लाख 25 हजार करोड़ रुपये की कैश करंसी है। एक समस्या है कि कुछ राज्यों के पास कम करंसी है जबकि अन्य राज्यों के पास ज्यादा। सरकार ने राज्य स्तर पर समिति गठित की है। वहीं, आरबीआई ने भी नोटों को एक राज्य से दूसरे राज्य में भेजने के लिए कमिटी गठित की है। शिव प्रसाद शुक्ल ने भरोसा दिलाया कि जिन राज्यों में नोटों को कमी पड़ रही है, वहां तीन दिनों में नई खेप पहुंचा दी जाएगी। 

इन राज्यों में कैश की किल्लत

मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो देश भर के लगभग 8 राज्यों के एटीएम से 2000 के नोट गायब हैं। इतना ही नहीं कई एटीएम खाली पड़े हैं। जिन राज्यों में कैश संकट हुआ है उनके नाम हैं उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, बिहार, गुजरात, राजस्थान, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और महाराष्ट्र। 

शिवराज सिंह ने बताया साजिश
कैश संकट से बिहार और मध्यप्रदेश सबसे ज्यादा प्रभावित बताया जा रहा है। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने एटीएम में कैश की तंगी को स्वीकार किया है। मुख्यमंत्री ने दो हजार के नोटों के गायब होने पर आरोप लगाया है कि इसके पीछे बड़ी साजिश रची जा रही है। हालांकि, उन्होंने इस संदर्भ में केंद्र सरकार से बातचीत करने की बात कही और कहा कि राज्य सरकार इससे सख्ती से निपटेगी।

जरूरत से ज्यादा निकाली जा रही है नकदी

वहीं मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो रिजर्व बैंक के सूत्रों के हवाले बताया गया है कि असम, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, महाराष्ट्र, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश आदि राज्यों में लोगों के जरूरत से ज्यादा नकदी निकालने की वजह से यह संकट खड़ा हुआ है। रिजर्व बैंक के सूत्रों ने बताया है कि त्योहारी मांग की वजह से कैश की कमी हुई है। जितनी जरूरत थी उतना कैश सप्लाई नहीं हुआ है लेकिन स्थिति अब सामान्य हो रही है। रिजर्व बैंक के मुताबिक एक दो दिनों में स्थिति सामान्य हो जाएगी।

गुजरात में भी नकदी की किल्लत

वडोदरा में कई जगह एटीएम खाली पाए गए हैं। ज्यादातर एटीएम आउट ऑफ सर्विस हैं। कहीं कई घंटे लाइन में गुजारने के बाद सिर्फ 10,000 रुपये ही निकल रहे हैं। 

पटना में स्थानीय लोगों का कहना है कि कई एटीएम खराब पड़े हैं। पिछल तीन दिनों से शहर के कई एटीएम में कैश नहीं है।

कैश की कमी की वजह से लोगों के महत्वपूर्ण काम रुक रहे हैं। उत्तर प्रदेश के वाराणसी में एक व्यक्ति ने मंगलवार सुबह से 5-6 एटीएम का चक्कर लगाने के बाद कहा कि उन्हें बच्चों का ऐडमिशन करवाने के लिए पैसे नहीं मिल पा रहे हैं। साथ ही, रोजमर्रा के सामान और सब्जियां भी नहीं खरीद पा रहे हैं।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:central government says cash crunch is due to uneven distribution of notes in some states