रुहेलखंड विश्वविद्यालय में 80वां स्वतंत्रता दिवस हर्षोल्लास से मनाया गया
महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखंड विश्वविद्यालय में 80वां स्वतंत्रता दिवस हर्षोल्लास और देशभक्ति के साथ मनाया गया। कुलपति प्रो. केपी सिंह ने ध्वजारोहण किया और युवाओं की प्रतिभा को विकसित करने का आह्वान किया। कार्यक्रम में छात्रों ने राष्ट्रगान प्रस्तुत किया और कुलपति ने विश्वविद्यालय के विकास की आवश्यकता पर जोर दिया।

बरेली, वरिष्ठ संवाददाता। महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखंड विश्वविद्यालय में 80वां स्वतंत्रता दिवस हर्षोल्लास और देशभक्ति की भावना के साथ मनाया गया। कुलपति प्रो. केपी सिंह ने ध्वजारोहण कर राष्ट्रध्वज को नमन किया। कल्चरल क्लब की छात्राओं सत्यसाक्षी, मनीषा और तनु ने राष्ट्रगान प्रस्तुत किया। इसके बाद तिरंगे रंग के गुब्बारे उड़ाकर राष्ट्र और विश्वविद्यालय की प्रगति की कामना की गई।
स्वतंत्रता सेनानियों का योगदान
कुलपति प्रो. सिंह ने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग के कारण आज देश आजादी की हवा में सांस ले रहा है। स्वतंत्रता दिवस केवल अतीत को याद करने का अवसर नहीं, बल्कि भविष्य के भारत की दिशा तय करने का भी दिन है। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति को सही दिशा और अवसर दिए बिना विकसित भारत @2047 का संकल्प साकार नहीं हो सकता। उन्होंने शिक्षकों और अभिभावकों से युवाओं की जिज्ञासा, रचनात्मकता और प्रतिभा को समझने तथा उन्हें शिक्षा, कौशल, रोजगार, उद्यमिता, शोध, तकनीक और वैश्विक अवसरों से जोड़ने का आह्वान किया। एआई और डिजिटल तकनीक के दौर में शिक्षकों को भी डिजिटल एवं एआई साक्षरता बढ़ाने की जरूरत बताई।
विश्वविद्यालय का विकास
कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय में शोध, नवाचार और प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। परिसर में विद्यार्थियों की संख्या करीब 1700 से बढ़कर 6000 से अधिक हो गई है। लक्ष्य विश्वविद्यालय को वैश्विक शैक्षणिक मानकों के अनुरूप विकसित करना है। कार्यक्रम का संचालन डॉ. ज्योति पाण्डेय ने किया। इस दौरान कुलसचिव प्रो. एसके पाण्डेय, परीक्षा नियंत्रक डॉ. अनिल यादव, प्रो. आलोक श्रीवास्तव, ममता सिंह, एलआर भंडारी, विनय वर्मा, तपन वर्मा और सुधांशु शर्मा समेत शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी, शोधार्थी और विद्यार्थी मौजूद रहे।
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