न्यायालय के आदेश पर सात लोगों के खिलाफ केस
सलेमपुर में कोतवाली पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर सात लोगों के खिलाफ मारपीट, तोड़फोड़ और धमकी देने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया है। पीड़ित देवेन्द्र यादव ने आरोप लगाया कि 18 नवंबर को उसे जान से मारने की कोशिश की गई थी। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।

सलेमपुर, हिन्दुस्तान टीम। न्यायालय अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कक्ष संख्या-15 देवरिया के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने सात लोगों के खिलाफ मारपीट, घर में घुसकर तोड़फोड़ और धमकी देने समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
प्रकरण की जानकारी
कोतवाली क्षेत्र के ग्राम पंचायत बरसीपार के बाजपेयी टोला निवासी देवेन्द्र यादव पुत्र रामजी ने न्यायालय में दिए प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया था कि 18 नवंबर 2024 की सुबह करीब नौ बजे गांव के आकाश यादव, विकास यादव, श्रीकिशुन, जयरती देवी, विजय प्रताप, अंकित और निशांत ने उसके घर के आने-जाने का रास्ता बंद करने लगे। विरोध करने पर आरोपितों ने उसके ऊपर कुदाल से जान लेवा हमला कर दिया, जिससे उसकी बांह में चोट लग गई। पीड़ित का आरोप है कि आरोपितों ने लाठी-डंडे और मुक्के से उसकी तथा उसके पुत्र प्रभाकर की पिटाई की और जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद सभी लोग घर में घुस गए और सामान तोड़फोड़ करते हुए गैस सिलेंडर खोल दिया तथा चूल्हा भी क्षतिग्रस्त कर दिया। शोर सुनकर पत्नी चिन्ता देवी और पुत्र सुधाकर मौके पर पहुंचे और बीच-बचाव किया।
पुलिस की कार्यवाही
पीड़ित ने आरोप है कि कोतवाली पर शिकायत करने के बावजूद पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया और उसे शांति भंग की आशंका में चालान कर दिया गया। न्याय नहीं मिलने पर वे न्यायालय पहुंच वाद दाखिल की। जहां न्यायालय ने आदेश पुलिस को मुकदमा दर्ज कर विवेचना करने का आदेश दी। कोतवाली पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर बरसीपार बाजपेयी टोला निवासी आकाश यादव, विकास यादव पुत्र श्रीकिशुन, श्रीकिशुन पुत्र विश्राम, उनकी पत्नी जयरती देवी, विजय प्रताप पुत्र पौहारी, अंकित पुत्र विजयप्रताप व निशांत पुत्र नागेन्द्र के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।


