हरिद्वार में दहेज के लिए विवाहिता को रस्सी से बांधकर पीटने का आरोप

हिन्दुस्तान, देहरादून
Follow us on Google News
share

हरिद्वार में एक विवाहिता को दहेज की मांग को लेकर बेहरहमी से प्रताड़ित किया गया। आरोप है कि ससुराल वालों ने उसे रस्सी से बांधकर पीटा। शिकायतकर्ता ने बताया कि दहेज में 10 लाख रुपये और कार की मांग की जा रही थी। पुलिस ने पति और तीन अन्य ससुरालियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।

हरिद्वार में दहेज के लिए विवाहिता को रस्सी से बांधकर पीटने का आरोप

हरिद्वार। रानीपुर कोतवाली क्षेत्र में दहेज की मांग को लेकर विवाहिता को कथित तौर पर रस्सी से हाथ-पैर बांधकर और मुंह पर कपड़ा बांधकर पीटने का मामला सामने आया है। विवाहिता के भाई का आरोप है कि ससुराल पक्ष लंबे समय से दहेज में कार और 10 लाख रुपये की मांग कर उसकी बहन को प्रताड़ित कर रहा था। पुलिस ने शुक्रवार को आरोपी पति समेत चार ससुरालियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। पुलिस के मुताबिक अत्मलपुर बोंगला निवासी रोहित कुमार ने बताया कि उसकी छोटी बहन ऋचा की शादी 11 दिसंबर 2014 को सलेमपुर महदूद निवासी शैन्की पुत्र मांगेराम के साथ हुई थी।

आरोप है कि शादी में करीब 17-18 लाख रुपये खर्च किए गए थे। आरोप है कि शादी के बाद से ही सास सुनीता, ससुर मांगेराम और देवर मोहित कम दहेज लाने का ताना देते थे और कार की मांग करते थे। वर्ष 2018 में मायके से 10 लाख रुपये लाने के लिए दबाव बनाया गया। शिकायतकर्ता के मुताबिक बहन की गृहस्थी बचाने के लिए परिवार ने वर्ष 2018 में दो लाख रुपये दिए। कुछ समय बाद फिर से प्रताड़ना शुरू हो गई। वर्ष 2019 में शिकायत के बाद दोनों पक्षों में समझौता हुआ और ससुराल पक्ष ने भविष्य में मारपीट नहीं करने का आश्वासन दिया।आरोप लगाया गया है कि वर्ष 2024 में भी परिवार ने अक्टूबर में एक लाख और दिसंबर में दो लाख रुपये दिए, लेकिन इसके बाद भी प्रताड़ना बंद नहीं हुई। दिसंबर 2025 में ससुराल वालों ने ऋचा को मायके भेजकर शैन्की की दूसरी शादी कराने की बात कही। आरोप है कि इसके बाद भी उसके साथ मानसिक और शारीरिक उत्पीड़न जारी रहा। आरोप है कि 16 जून 2026 को करीब 11 बजे उसे फोन कर बहन को ससुराल से ले जाने को कहा गया, वरना उसे मार डालने की धमकी दी गई। इसके बाद वह पुलिस के साथ मौके पर पहुंचा तो ऋचा के हाथ-पैर रस्सी से बंधे और मुंह कपड़े से बंधा मिला। आरोप है कि उसके साथ मारपीट की जा रही थी। पुलिस को देखकर ससुराल वाले रुक गए। शिकायतकर्ता ने घटना की वीडियो रिकॉर्डिंग होने की बात भी पुलिस को बताई है। इंस्पेक्टर मननोहर भंडारी ने बताया कि पति शैन्की, ससुर मांगेराम, सास सुनीता और देवर मोहित के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।

Sagar Joshi

लेखक के बारे में

Sagar Joshi

शॉर्ट बायो : सागर जोशी, पिछले 13 सालों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और वर्तमान में ‘दैनिक हिन्दुस्तान’ में हरिद्वार ब्यूरो इंचार्ज हैं।


परिचय एवं अनुभव
सागर जोशी हरिद्वार की पत्रकारिकता का जाना पहचाना नाम हैं। 2022 से हरिद्वार इंचार्ज की भूमिका में रहते हुए उन्होंने अपने क्षेत्र में मजबूत पकड़ बनाई है।


करियर का सफर
सागर ने राष्ट्रीय सहारा से वर्ष 2013 में हरिद्वार से करियर शुरू किया। इसके बाद दैनिक जागरण और दो बार अमर उजाला जैसे प्रमुख अखबारों में उन्होंने काम किया। हरिद्वार के अलावा रुड़की और देहरादून में भी काम किया। वर्ष 2017 में बतौर रिपोर्टर हिन्दुस्तान में शुरुआत की और कुंभ 2021 में बेहतर कवरेज के बाद हिन्दुस्तान में स्टाफ रिपोर्टर बनने का मौका मिला। 2021 में देहरादून में काम करने के बाद 2022 में हरिद्वार ब्यूरो का इंचार्ज बनाया गया।


शैक्षणिक पृष्ठभूमि
बीए समाजशास्त्र और राजनीति विज्ञान से करने के कारण राजनीति की समझ है। प्रदेश के सबसे अधिक अपराध वाले जिला हरिद्वार में काम करने के कारण अपराध में अच्छी पकड़। छह सालों का क्राइम रिपोर्टर का अनुभव।


विजन
खेल, क्राइम, अध्यात्म, राजनीतिक ऐनालिसिस विषयों में सागर की समझ है। इसके अलावा ग्राउंड रिपोर्टिंग के अलावा नगर निगम, प्रशासन समेत कई एक्सलूसिव स्टोरी पर जोर होना चाहिए। सागर का मानना है कि एक अच्छे रिपोर्टर में केवल खबर लिखने की क्षमता ही नहीं, बल्कि कई मानवीय गुण भी होने चाहिए। रिपोर्टर हमेशा सवाल पूछने वाला और आसपास हो रही घटनाओं के प्रति सजग होना चाहिए। छोटी-सी जानकारी में भी खबर खोजने की क्षमता जरूरी है। सही और भरोसेमंद जानकारी देना पत्रकार की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। बिना पुष्टि के खबर न लिखना, कई स्रोतों से जानकारी लेना और संतुलन बनाए रखना जरूरी है। रिपोर्टर को किसी पक्ष, दबाव या निजी विचार से प्रभावित हुए बिना निष्पक्ष रहकर काम करना चाहिए। सरल, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में लिखने की क्षमता जरूरी है ताकि आम पाठक भी खबर आसानी से समझ सके। लोगों से बात करने, भरोसा जीतने और सही सवाल पूछने की कला रिपोर्टर को बेहतर बनाती है। इंटरव्यू लेने की क्षमता सबसे जरूरी है। खबर समय पर देना अब पत्रकारिता का मूल नियम है। आज के दौर में मोबाइल जर्नलिज्म, सोशल मीडिया, फोटो-वीडियो और डिजिटल प्लेटफॉर्म की समझ होना भी जरूरी है।


उपलब्धियां
तीन बार हिन्दुस्तान होनहार का अर्वाड मिला। अर्द्धकुंभ 2016, कुंभ 2021 की मीडिया कवरेज के अलावा कई बार प्रधानमंत्री के कार्यक्रम की कवरेज। काम के अलावा घूमना और खेलना, खेल में क्रिकेट, शतरंज, तैराकी में महाराथ


विशेषज्ञता
खेल
क्राइम
घोटाले (स्कैम/करप्शन) से जुड़ी रिपोर्टिंग
गहरी पड़ताल करने की क्षमता
दस्तावेज़ पढ़ने और समझने की योग्यता
सरकारी फाइलें, ऑडिट रिपोर्ट, आरटीआई जवाब
गोपनीय स्रोतों को संभालने की क्षमता
डेटा और डिजिटल जांच कौशल।

और पढ़ें
Hindi News , इंडिया न्यूज़ , आज का मौसम , विधानसभा चुनाव और Navratri 2026 से जुड़ी ताज़ा खबरों व पल-पल के अपडेट के लिए लाइव हिन्दुस्तान के साथ जुड़े रहें। UP Chunav 2027 , UP Vidhan Sabha Seats और UP Vidhan Sabha Candidates से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण खबरें और जानकारी यहां पढ़ें। सभी बड़ी खबरें सबसे पहले पाने के लिए लाइव हिन्दुस्तान ऐप अभी डाउनलोड करें।
Hindi NewsIndia Newsहरिद्वार में दहेज के लिए विवाहिता को रस्सी से बांधकर पीटने का आरोप