पूर्व राज्यमंत्री प्रताप सिंह रावत ने मुख्यमंत्री धामी को सौंपा विकास कार्यों का ज्ञापन
भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रताप सिंह रावत ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात कर चकराता क्षेत्र के विकास से जुड़े मुद्दों पर ज्ञापन सौंपा। उन्होंने महत्वपूर्ण मोटर मार्गों के सुधार, पर्यटन स्थलों की पहुंच को आसान बनाने और जमीन के विनियमितीकरण का मुद्दा उठाया।

भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व राज्यमंत्री प्रताप सिंह रावत ने मंगलवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात कर चकराता विधानसभा क्षेत्र के विकास से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में प्रताप सिंह रावत ने लोखंडी-पीपरा-मोनस मोटर मार्ग के सुधारीकरण एवं डामरीकरण को मंजूरी देने की मांग की। उन्होंने बताया कि यह मार्ग पीपरा से ग्राम बुल्हाड़ होते हुए मीनस-अटाल मोटर मार्ग से जुड़ता है और इसके निर्माण से क्षेत्रीय आवागमन को बड़ी सुविधा मिलेगी। उन्होंने रोटा-अटाल मोटर मार्ग के किलोमीटर पांच से दस तक विस्तार कार्य के द्वितीय चरण को स्वीकृति देने की भी मांग रखी।
इसके अलावा लोखंडी-बुधेर वन मार्ग (6.40 किलोमीटर) के सुधारीकरण और पुनर्निर्माण का मुद्दा उठाते हुए कहा कि इससे प्रसिद्ध पर्यटन स्थल मोईला टॉप तक पर्यटकों की पहुंच सुगम होगी। ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि थोवा से उदांवा तक पांच किलोमीटर सड़क निर्माण के प्रथम चरण को वर्ष 2018 में स्वीकृति मिल चुकी है, लेकिन वन विभाग से अनुमति नहीं मिलने के कारण कार्य अब तक शुरू नहीं हो पाया है।प्रताप सिंह रावत ने हरिपुर कोटी-इछाड़ी, क्वानु-मीनस, मीनस-अटाल तथा जेपीआरआर राजमार्ग से त्यूनी-हनोल-मोरी मोटर मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग अथवा इंटरस्टेट कनेक्टिविटी परियोजना में शामिल कर इसे महासू सर्किट के रूप में विकसित करने की भी मांग की। इसके साथ ही उन्होंने चकराता और कालसी तहसील की वर्ग-चार भूमि के विनियमितीकरण का मुद्दा उठाते हुए कहा कि त्यूनी तहसील के काश्तकारों को इस प्रक्रिया में शामिल किया गया है, जबकि कालसी और चकराता के काश्तकार अब भी इससे वंचित हैं।


