बीआईटी मेसरा:: 72वां स्थापना दिवस समारोह कल, राज्यपाल होंगे मुख्य अतिथि
बिरला प्रौद्योगिकी संस्थान (बीआईटी), मेसरा बुधवार को अपना 72वां स्थापना दिवस मनाएगा। इसमें झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार मुख्य अतिथि होंगे। समारोह में पूर्व छात्रों का पुनर्मिलन और रिसर्च कोलोक्वियम का आयोजन किया जाएगा। संस्थान ने वैश्विक पूर्व छात्र सहभागिता और अंतर्राष्ट्रीय शैक्षणिक सहयोग में वृद्धि की है।

रांची, विशेष संवाददाता। बिरला प्रौद्योगिकी संस्थान (बीआईटी), मेसरा बुधवार को अपना 72वां स्थापना दिवस मनाने जा रहा है। समारोह के मुख्य अतिथि झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार होंगे। सोमवार को पत्रकारों से बातचीत में संस्थान के पदाधिकारियों ने बताया कि इस स्थापना दिवस समारोह में विशिष्ट अतिथियों, पूर्व छात्रों, संकाय सदस्यों और विद्यार्थियों का एक बड़ा समागम होगा। समारोह में टेगा इंडस्ट्रीज लिमिटेड के चेयरमैन मदन मोहन मोहनका और आईआईटी भुवनेश्वर के निदेशक प्रो. श्रीपद करमलकर विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगे। पूर्व छात्रों का पुनर्मिलन और रिसर्च कोलोक्वियम
पूर्व छात्रों का पुनर्मिलन
स्थापना दिवस के अवसर पर वर्ष 1986, 1996 और 2001 बैच के पूर्व छात्रों के लिए पुनर्मिलन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। संस्थान के कई पूर्व छात्रों को उनकी उपलब्धियों और योगदान के लिए विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, समारोह का मुख्य आकर्षण ‘रिसर्च कोलोक्वियम’ का ग्रैंड फिनाले होगा, जहां चयनित प्रतिभागी विशिष्ट अतिथियों के समक्ष अपने शोध प्रस्तुत कर शीर्ष पुरस्कारों के लिए प्रतिस्पर्धा करेंगे।
वैश्विक पहुंच और अंतर्राष्ट्रीय शैक्षणिक समझौते
डीन (एलुमनाई एवं अंतर्राष्ट्रीय संबंध) प्रो. श्रद्धा शिवानी ने बताया कि वर्ष 2025–26 के दौरान संस्थान की वैश्विक पूर्व छात्र सहभागिता और अंतर्राष्ट्रीय शैक्षणिक सहयोग में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। पिछले वर्ष संस्थान ने अमेरिका में ग्लोबल एलुमनाई मीट का सफल आयोजन किया और एरिजोना स्टेट यूनिवर्सिटी के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए। इसके अलावा, संयुक्त अनुसंधान और संकाय आदान-प्रदान को बढ़ावा देने के लिए आईआईटी खड़गपुर के साथ भी एक रणनीतिक समझौता किया गया है।
बुनियादी ढांचे और अनुसंधान को मिली गति
पूर्व छात्रों और कॉर्पोरेट भागीदारों के सहयोग से संस्थान में कई अत्याधुनिक सुविधाएं विकसित की गई हैं। इनमें मदन मोहन मोहनका सेंटर, एलएंडटी टेक्नोलॉजी सर्विसेज के सहयोग से संचालित इलेक्ट्रिक व्हीकल लैब, और रामा मारदा फाउंडेशन समर्थित पहल शामिल हैं। साथ ही, मेधावी शैक्षणिक प्रतिभाओं को आकर्षित करने के लिए नए ‘फैकल्टी चेयर्स’ भी स्थापित किए गए हैं।
पत्रकार वार्ता के दौरान संस्थान के एसोसिएट डायरेक्टर (एलुमनाई रिलेशंस) डॉ. विशाल एच. शाह, एसोसिएट डायरेक्टर (प्लेसमेंट्स) दीपिका दीप और मीडिया सेल के समन्वयक डॉ. मृणाल पाठक उपस्थित थे।
सवाल और जवाब
इस खबर पर आपकी क्या राय है?


