DA Image
हिंदी न्यूज़   ›   देश  ›  आयुष्मान सहकार योजना: मेडिकल कॉलेज खोलने के लिए मिलेगा सस्ता कर्ज, 10 हजार करोड़ का है बजट

देशआयुष्मान सहकार योजना: मेडिकल कॉलेज खोलने के लिए मिलेगा सस्ता कर्ज, 10 हजार करोड़ का है बजट

विशेष संवाददाता,नई दिल्ली।Published By: Himanshu Jha
Tue, 20 Oct 2020 06:26 AM
आयुष्मान सहकार योजना: मेडिकल कॉलेज खोलने के लिए मिलेगा सस्ता कर्ज, 10 हजार करोड़ का है बजट

कोरोना संकट से सबक लेते हुए सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सा तंत्र को मजबूत करने में जुट गई है। सरकारी चिकित्सा तंत्र को मजबूती प्रदान करने के साथ-साथ सरकार ने सहकारी संस्थाओं को भी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल खोलने की अनुमति देने का फैसला किया है। इसके साथ ही राष्ट्रीय कोऑपरेटिव विकास निगम (एनसीडीसी) इसके लिए उन्हें किफायती दरों पर आसान ऋण भी उपलब्ध कराएगा।

एनसीडीसी के प्रबंध निदेशक संदीप नायक ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि इस योजना का मुख्य फोकस ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सा सेवाओं के ढांचे को मजबूत बनाना है। कोरोना संकट के बाद यह जरूरी हो गया है। सरकार का इस पर विशेष फोकस है। उन्होंने कहा कि देश में 16 लाख सहकारी संस्थाएं हैं। कई राज्यों में वे कृषि, एग्रो प्रोसेसिंग के क्षेत्र में अच्छा कार्य कर रही हैं। आयुष्मान सहकार योजना के जरिए उन्हें चिकित्सा एवं दवा क्षेत्र में कार्य करने के लिए किफायती ऋण उपलब्ध कराए जाएंगे। सहकारी संस्थाओं को मेडिकल कॉलेज खोलने की भी अनुमति होगी और एनसीडीसी उन्हें इसके लिए ऋण उपलब्ध कराएगा।

52 अस्पताल सहकारी संस्थाओं द्वारा संचालित
उन्होंने कहा कि देश में कुल 52 अस्पताल सहकारी संस्थाओं द्वारा संचालित हैं, लेकिन अभी तक कोई ऐसी योजना नहीं थी, जो स्वास्थ्य सेवाओं के लिए सहकारी संस्थाओं को सहायता प्रदान करे। उन्होंने कहा कि 9.6 फीसदी की ब्याज दर पर एलोपैथी या आयुष अस्पताल, मेडिकल कॉलेज, लैब, डाग्यनोस्टिक सेंटर, दवा केंद्र आधिक खोलने के लिए ऋण उपलब्ध कराए जाएंगे। कुल दस हजार करोड़ का फंड अभी सृजित किया गया है। सोमवार को आयुष्मान सहकार योजना लांच की गई है। जैसे ही आवेदन प्राप्त होंगे, उन्हें ऋण उपलब्ध कराने का कार्य आरंभ कर दिया जाएगा।

सहकारी संस्थाओं को मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के क्षेत्र में प्रोत्साहित करने के पीछे सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सा तंत्र को मजबूत बनाना चाहती है। जहां सरकारी सेवाएं नहीं हैं, या कम हैं, वहां निजी अस्पतालों एवं मेडिकल कॉलेजों की तुलना में सहकारी सेवाएं बेहतर विकल्प साबित हो सकती हैं। क्योंकि यह निजी क्षेत्र की तरह मनमानी नहीं करती हैं।

सहकारी समितियों को 10 हजार करोड़ का कर्ज मिलेगा
कृषि राज्य मंत्री परसोत्तम रुपाला ने सोमवार को ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं के बुनियादी ढांचे को मजबूती प्रदान करने वाली आयुष्मान सहकार योजना का शुभारंभ किया। इसके तहत सहकारी समितियों को 10 हजार करोड़ का कर्ज मुहैया कराया जाएगा। इस मौके पर रुपाला ने कहा कि आयुष्मान सहकार योजना ग्रामीण भारत में स्वास्थ्य सेवा पहुंचाने के तरीके में क्रांतिकारी बदलाव लाएगी।

संबंधित खबरें