पंचकर्म-आयुर्वेद की सर्वोत्तम आयुर्वेदिक चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध प्राथमिकता : डॉ. महाचंद्र
सीवान, हिन्दुस्तान संवाददाता।रेलवे स्टेशन पर बढ़ी यात्रियों की भीड़रेलवे स्टेशन पर बढ़ी यात्रियों की भीड़रेलवे स्टेशन पर बढ़ी यात्रियों की भीड़रेलवे स्टेशन पर बढ़ी यात्रियों की भीड़

सीवान, हिन्दुस्तान संवाददाता। दयानंद आयुर्वेदिक चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल को नए शैक्षणिक सत्र में ऊंचाईयों पर ले जाने व आयुर्वेद शिक्षा की गुणवत्ता को और अधिक बढ़ाने का खाका तैयार कर लिया गया है। इसी के तहत शासी निकाय के अध्यक्ष डॉ. महाचंद्र प्रसाद सिंह ने संस्थान के सर्वांगीण विकास व शैक्षणिक गुणवत्ता को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के उद्देश्य से एक विस्तृत समीक्षा बैठक की।
निरीक्षण का महत्व
साथ ही महाविद्यालय का निरीक्षण भी किया। इस दौरान अध्यक्ष डॉ. महाचंद्र प्रसाद सिंह ने महाविद्यालय के सभी 14 विभागों का गहन भ्रमण करते हुए व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान अध्यक्ष ने प्रत्येक विभाग की कार्यप्रणाली, प्रयोगशालाओं, अस्पताल की चिकित्सा सुविधाओं और मरीजों को दी जा रही सेवाओं का बारिकी से अवलोकन किया।
संस्थान की प्राथमिकताएं
उन्होंने कहा कि संस्थान की प्राथमिकता हमेशा से विद्यार्थियों को उच्च स्तर की शिक्षा प्रदान करना, जिले तथा राज्य के मरीजों को पंचकर्म एवं आयुर्वेद की गुणवत्ता पूर्ण सर्वोत्तम आयुर्वेदिक चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराना रही है। भ्रमण के उपरांत उन्होंने कॉलेज प्रशासन को आधुनिक तकनीक के साथ-साथ आयुर्वेदिक सिद्धांतों की गुणवत्ता बनाए रखने तथा विकास कार्यों को तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए।
सभी ने जताई प्रतिबद्धता
इस क्रम में शासी निकाय के सभी पदाधिकारियों ने अध्यक्ष द्वारा दिए गए दिशा-निर्देशों को प्राथमिकता के आधार पर लागू करने की प्रतिबद्धता जताई, ताकि महाविद्यालय को इस क्षेत्र में आयुर्वेद के एक प्रमुख केन्द्र के रूप में और अधिक सुदृढ़ किया जा सके। इस विशेष निरीक्षण और समीक्षा कार्यक्रम के दौरान महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. सुधांशु शेखर त्रिपाठी, शासी निकाय के सलाहकार डॉ. प्रजापति त्रिपाठी, महाविद्यालय के सचिव प्रो. रामानंद पांडेय समेत महाविद्यालय के शिक्षक समेत सभी कर्मचारी उपस्थित थे।


