कटिहार: बाल विवाह व नशे के खिलाफ छात्रों को किया जागरूक
कटिहार में जिला विधिक सेवा प्राधिकार ने शिक्षा विभाग के सहयोग से बाल विवाह और नशे के खिलाफ जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। छात्रों को नशे के दुष्प्रभाव और कानूनी अधिकारों की जानकारी दी गई। मुख्य अतिथि कमलेश सिंह ने कानून की जानकारी समाज के हर व्यक्ति तक पहुंचाने का महत्व बताया।

कटिहार से शशि रमण की रिपोर्ट बाल विवाह और नशे जैसी सामाजिक बुराइयों को जड़ से समाप्त करने के उद्देश्य से जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डीएलएसए) ने राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार के तहत संचालित विभिन्न कार्यक्रम के अंतर्गत शिक्षा विभाग के सहयोग से प्लस टू राजकीय कृत उच्च एवं मध्य विद्यालय में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं को नशे के दुष्प्रभाव, बाल विवाह के दुष्परिणाम और कानूनी अधिकारों की विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के प्रधानाध्यापक ज्योतिष कुमार मंडल ने मुख्य अतिथि का पुष्पगुच्छ देकर स्वागत किया। इसके बाद सुश्री कविता कुमारी एवं प्रिया घोष ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया।
मंच संचालन संगीत शिक्षक सुमित स्वरूप ने किया। मुख्य अतिथि जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव एवं वरिष्ठ न्यायाधीश कमलेश सिंह देऊ ने कहा कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक कानून की जानकारी पहुंचाना डीएलएसए का उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि शराबबंदी के बावजूद युवा वर्ग सूखे नशे की गिरफ्त में आ रहा है। कुछ असामाजिक तत्व बच्चों की कम समझ का फायदा उठाकर उनसे नशे और अन्य गैरकानूनी गतिविधियों में संलिप्त करवाते हैं। ऐसे लोगों से सतर्क रहने और किसी भी लालच में कानून विरोधी कार्य नहीं करने की सलाह दी। उन्होंने छात्र-छात्राओं से अपने अभिभावकों और शिक्षकों को आदर्श मानकर चलने तथा बाल विवाह और नशे के खिलाफ समाज को जागरूक करने का आह्वान किया।


