आईईडी विस्फोट और सुरक्षा बलों पर हमलों का रहा मास्टरमाइंड
गिरिडीह पुलिस ने भाकपा माओवादी के सदस्य अजय महतो को गिरफ्तार किया है। वह हत्या, आईईडी विस्फोट और सुरक्षा बलों पर हमलों का मास्टरमाइंड था। उसके खिलाफ कुल 240 गंभीर मामले दर्ज हैं, जिसमें कई बड़े नक्सली हमले शामिल हैं। झारखंड सरकार ने उसे पकड़ने पर 25 लाख रुपये का इनाम रखा है।

गिरिडीह। गिरिडीह पुलिस के हत्थे चढ़ा प्रतिबंधित नक्सली संगठन भाकपा माओवादी का हार्डकोर नक्सली स्पेशल एरिया कमेटी सदस्य सालों से वांछित अजय महतो उर्फ टाईगर उर्फ बासुदेव हत्या, आईईडी विस्फोट और सुरक्षा बलों पर हमलों का मास्टरमाइंड रहा है।
अजय महतो की परेशानियाँ
अजय महतो पर कई बड़े नक्सली हमलों, आईईडी विस्फोटों और हत्या समेत अनेक संगीन मामलों में शामिल रहने के आरोप हैं। उसके विरूद्ध हत्या, पुलिस मुखबिरी के आरोप में ग्रामीणों की निर्मम हत्या, आईईडी विस्फोट, लेवी वसूली, सुरक्षाबलों पर घात लगाकर हमले, मुठभेड़, विस्फोटक लूट और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने जैसे कुल 240 गंभीर मामले दर्ज हैं।
अजय महतो का पता
सालों से पुलिस के लिए सिरदर्द अजय महतो को इलाके में कई नामों से जाना जाता है। अजय महतो को मोछु उर्फ अंजन दा उर्फ टाइगर उर्फ बुधराम उर्फ श्रीकांत उर्फ बासुदेव के नाम से भी जाना जाता है। झारखण्ड सरकार ने अजय पर 25 लाख रुपये का इनाम घोषित कर रखा है।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस अब अजय से पूछताछ के आधार पर संगठन के अन्य सदस्यों, हथियारों के नेटवर्क और आईईडी मॉड्यूल से जुड़े महत्वपूर्ण सुराग जुटाने में लगी है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार लगभग हर बड़े नक्सली हमले में अजय महतो की भूमिका सामने आई है।
आतंक के साल
अजय महतो लंबे समय से सारंडा क्षेत्र में माओवादी संगठन के लिए आईईडी लगाने, सुरक्षाबलों पर हमलों की रणनीति तैयार करने, हथियार एवं विस्फोटक जुटाने और संगठन के कैडरों का संचालन करने में प्रमुख भूमिका निभा रहा था। 2020 से 2026 तक अजय सारंडा और कोल्हान में लगातार ताडंव मचाता रहा है। इस बीच उसने कई हिंसक नक्सली वारदातों को अंजाम दिया है। साल 2022 में टोंटो और गोईलकेरा क्षेत्र में सुरक्षाबलों के साथ कई मुठभेड़ किया। साल 2023 में इस क्षेत्र में अजय महतो ने सबसे ज्यादा खूनी खेल खेला।


